श्रीलंका के पूर्व सेना प्रमुख को क्षमादान

श्रीलंका के पूर्व सेना प्रमुख सनथ फोन्सेका को नए राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरिसेना के आदेश पर उनके ख़िलाफ़ लगे सभी आऱोपों से मुक्त कर दिया गया है.

तमिल चरमपंथी गुट एलटीटीई के साथ 2009 की जंग में श्रीलंका की सेना का नेतृत्व करने वाले फोन्सेका के ख़िलाफ़ पूर्व राष्ट्रपति राजपक्षे के कार्यकाल में भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे.

राजपक्षे की सरकार के समय उन्हें दो साल जेल में रखा गया था और फिर 2012 में रिहा कर दिया गया था.

फोन्सेका के समर्थक मानते हैं कि तत्कालीन राष्ट्रपति राजपक्षे से मतभेद पैदा होने और उनके 2010 में राजपक्षे के ख़िलाफ़ राष्ट्रपति चुनाव में भाग लेने के कारण उन्हें गिरफ़्तार किया गया था.

सुप्रीम कोर्ट ने आरोप सही पाए

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फोन्सेका पर सैन्य अदालत में मुकदमा चला था. सैन्य अदालत ने उन पर लगे तमाम आरोपों को सही पाया था.

उनके सभी नागरिक अधिकार छीन लिए गए. वर्ष 2011 में सुप्रीम कोर्ट ने सैन्य अदालत के फ़ैसले को बरकरार रखा था.

फोन्सेका को सेना से मिले सभी सम्मान भी छीन लिए गए थे. दो साल जेल में रहने के बाद फोन्सेका को मई 2012 में ही रिहा कर दिया गया था.

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