ड्रोन से दुर्लभ जानवरों पर नजर रख रहा है चीन

ऐसी ख़बरें हैं कि चीन दूर दराज के पर्वतीय इलाकों में जंगली याक की लुप्त हो रही एक प्रजाति पर नजर रखने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल कर रहा है.
चीन के शिंचियांग प्रांत में के सुदूर पहाड़ी इलाकों पाए जाने वाले याकों की गिनती के लिए वैज्ञानिक मानव रहित विमानों का सहारा ले रहे हैं.
सरकारी समाचार एजेंसी शिनहुआ के मुताबिक इसका उद्देश्य लुप्त हो रहे जंगली याकों के आवास से जुड़ी जानकारियाँ इकट्ठा करना है.
एजेंसी ने बताया कि नवंबर में मानव रहित विमान से इस इलाके में चार उड़ान भरे गए थे. इस दौरान याकों और उनके रहने की जगह की तस्वीरें भी ली गईं.
ड्रोन विमान ने शिंचियांग के इस पर्वतीय इलाके के मौसम से संबंधित जानकारियाँ भी जुटाई.
शिंचियांग प्रांत और बीजिंग नॉर्मल युनिवर्सिटी के जीव वैज्ञानिक जंगली याकों पर किए जा रहे इस शोध कार्यक्रम का संचालन कर रहे हैं.
बेहतर तरीके
माना जा रहा है कि इससे धीरे धीरे लुप्त हो रहे जंगली याकों को संरक्षित करने के बेहतर तरीके खोजे जा सकेंगे.
दशकों तक इन याकों का धड़ल्ले से शिकार होता रहा जिसकी वजह से इनकी संख्य 30 से 50 हज़ार के करीब सिमट कर रह गई है.
एक अनुमान के मुताबिक शिंचियांग प्रांत के एल्टन पर्वत के दूर दराज के इलाकों में 10 हज़ार के करीब याक पाए जाते हैं.
इस इलाके में ये याक सदियों से रह रहे हैं और यहाँ इंसानों या किसी अन्य जानवर की पहुँच लगभग न के बराबर ही रही है.
एल्टन माउंटेन के राष्ट्रीय प्रकृति संरक्षण विभाग के डिप्टी चीफ ज़ैंग शियांग के हवाले से शिनहुआ ने बताया, "ये इलाके इतने दूर हैं कि इन याकों की गतिविधियों और उनके रहने की जगह पर नजर रख पान हमारे स्टाफ़ का पहुँच पाना बहुत मुश्किल है."
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