अमरीका की पोल खोलने वाले स्नोडेन की नई नौकरी

अमरीका की राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाने वाले एडवर्ड स्नोडेन के वकील का कहना है कि स्नोडेन को नया काम मिल गया है.
अमरीका की ख़ुफ़िया एजेंसी के पूर्व कर्मचारी स्नोडेन जो फ़िलहाल रूस में शरण लिए हुए हैं, वहां की एक प्रमुख निजी वेबसाइट के लिए काम करेंगे.
स्नोडेन के वकील ऐनातोली कूचेरेना ने रूसी समाचार एजेंसी रीआ नोवोस्ती को बताया कि ''एडवर्ड नवंबर में काम शुरू करेंगे.''हालांकि सुरक्षा कारणों से उन्होंने उस साइट का नाम नहीं बताया जिसके साथ स्नोडेन काम करेंगे.
अमरीका में टेलीफ़ोन <link type="page"><caption> जासूसी</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/10/131021_france_us_spying_aa.shtml" platform="highweb"/></link> का ब्यौरा लीक करने के बाद 30 वर्षीय स्नोडेन जून में अमरीका से भागकर रूस चले गए थे.
फ़ेसबुक की प्रतिद्ंवद्वी समझी जाने वाली एक लोकप्रिय सोशल नेटवर्किंग साइट वीकॉन्ताक्ते के प्रमुख ने पहले ही स्नोडेन को सार्वजनिक तौर पर नौकरी का एक ऑफ़र दिया था.
वीकॉन्ताक्ते के संस्थापक पॉवेल दुरॉव ने अपने वेबपेज पर संदेश डालकर स्नोडेन को कंपनी के सेंटपीटर्सबर्ग स्थित मुख्यालय में डाटा सुरक्षा संबंधी काम करने का न्यौता दिया था.
अज्ञातवास

रूस में अगस्त महीने से अस्थायी शरण लेकर रह रहे एडवर्ड <link type="page"><caption> स्नोडेन</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/08/130812_snowden_father_ra.shtml" platform="highweb"/></link> के निजी जीवने के बारे में ज़्यादा जानकारी नहीं मिल पाई है. उनकी लीक की हुई जानकारी के चलते अमरीकी सरकार मुश्किल में है क्योंकि इसमें अमरीका के वृहद निगरानी कार्यक्रम को सार्वजनिक किया गया है जो रूस, चीन और पश्चिमी साथियों में जर्मनी और ब्राज़ील तक फैला हुआ था.
<link type="page"><caption> अमरीका</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/06/130624_edward_snowden_row_aa.shtml" platform="highweb"/></link> चाहता है कि स्नोडेन को प्रत्यर्पित कर दिया जाए ताकि उस पर आपराधिक मामला चलाया जा सके.
स्नोडेन ने एक महीने से ज़्यादा का वक्त मॉस्को हवाई अड्डे पर बिताया था. इस बात की स्पष्ट जानकारी नहीं है कि स्नोडेन मॉस्को में ही हैं या कहीं और.
इसी हफ़्ते एक रूसी वेबसाइट ने स्नोडेन की एक तस्वीर प्रकाशित की. अख़बार का कहना है कि फ़ोन से ली गई इस तस्वीर के लिए उसने एक पाठक को 2000 पाउंड चुकाए हैं.
इसमें स्नोडेन मॉस्को नदी में नाव से यात्रा करते दिख रहे हैं. फ़ोटो में उन्होने अपना चश्मा नहीं लगाया हुआ है और लाल रंग की क़मीज़ व टोपी लगा रखी है. तस्वीर के पृष्ठभूमि में मॉस्को का क्राइस्ट द सेवियर कैथेड्रल चर्च दिखाई दे रहा है.
रूसी भाषा की पढ़ाई
कुचेरेना ने ये भी बताया कि स्नोडेन रूसी भाषा बोलना सीख रहे हैं और देश के अन्य शहरों समेत क्रेमलिन व दूसरे संग्रहालय भी जा चुके हैं.
कुचेरेना ने कहा ''वह पहले ही रूसी शब्दों और हमारी संस्कृति की जानकारी में बहुत आगे निकल चुके हैं. फ़िलहाल रूस में उनकी जो रूचि है, रूसी नागरिकों का उनके प्रति जो रवैया है, प्यार है, उसे देखते हुए मुझे नहीं लगता कि वो इस वक्त किसी और देश जाने की इच्छा रखते हैं.''
कुचेरेना ने स्नोडेन का वर्तमान पता तो नहीं बताया लेकिन इतना ज़रूर कहा कि वे देश की सबसे बड़ी वेबसाइट में सूचना प्रौद्योगिकी में काम करेंगे.
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर <link type="page"><caption> पुतिन</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/08/130807_obama_mosco_visit_cancelled_dil.shtml" platform="highweb"/></link> ने हाल ही में एक इंटरव्यू में कहा था कि स्नोडेन रूस में अपने आपको सुरक्षित महसूस कर सकते हैं. हालांकि समाचार एजेंसी एपी से बातचीत में उन्होने कहा कि उन्हें वह अजीब इंसान लगा.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए <link type="page"><caption> यहां क्लिक करें</caption><url href="https://play.google.com/store/apps/details?id=uk.co.bbc.hindi" platform="highweb"/></link>. आप हमें <link type="page"><caption> फ़ेसबुक</caption><url href="https://www.facebook.com/bbchindi" platform="highweb"/></link> और <link type="page"><caption> ट्विटर </caption><url href="https://twitter.com/BBCHindi" platform="highweb"/></link>पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)












