उत्तर कोरिया को काबू में रखे चीन

उत्तर कोरियाई सैनिक
इमेज कैप्शन, उत्तर कोरिया ने कहा है कि उसके सैनिक युद्ध के लिए तैयार हैं

अमरीका ने चीन से कहा है कि वो <link type="page"><caption> उत्तर कोरिया</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/04/130405_north_korea_nuclear_threat_vr.shtml" platform="highweb"/></link> पर अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके उसे ऐसी हरकत करने से रोके जिससे क्षेत्र की शांति भंग हो.

विदेश मंत्री जॉन कैरी के साथ दक्षिण कोरिया की यात्रा पर जा रहे अमरीकी अधिकारियों ने कहा कि वाशिंगटन चाहता है कि <link type="page"><caption> चीन</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/04/130406_international_others_bird_flu_fma.shtml" platform="highweb"/></link> उत्तर कोरिया के साथ बातचीत में तत्काल इस बात को उठाए.

कैरी की विदेश मंत्री बनने के बाद ये एशिया की पहली यात्रा है.

अमरीकी प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कैरी के विमान में संवाददाताओं से कहा, “ये बात किसी से छिपी नहीं है कि चीन का उत्तर कोरिया पर बहुत प्रभाव है और हम चाहते हैं कि चीन अपने इस प्रभाव का इस्तेमाल करे अन्यथा उत्तर कोरिया के रवैये से पूरे क्षेत्र की सुरक्षा ख़तरे में पड़ जाएगी.”

तनाव

अधिकारी ने कहा कि चीन और उत्तर कोरिया की आपसी बातचीत में नाक घुसाने की अमरीका की कोई मंशा नहीं है लेकिन वो चाहता है कि चीन इस बातचीत में इस मुद्दे को उठाए ताकि क्षेत्र में बढ़ते तनाव को कम किया जा सके.

अधिकारी ने कहा, “इस क्षेत्र में स्थिरता चीन के लिए भी बहुत अहम है लेकिन उत्तर कोरिया के रवैये से इस स्थिरता को ख़तरा पैदा हो गया है. इससे अमरीका और चीन को एक सशक्त साझा लक्ष्य मिल गया है और ये लक्ष्य है परमाणु निरस्त्रीकरण.”

उत्तर कोरिया ने <link type="page"><caption> दक्षिण कोरिया</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/02/130223_south_korea_face_change_rd.shtml" platform="highweb"/></link> और अमरीका पर परमाणु हमला करने की धमकी दी है जिससे कोरिया प्रायद्वीप में तनाव का माहौल है.

इस बीच अमरीकी रक्षा मंत्रालय <link type="page"><caption> पेंटागन</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/multimedia/2013/03/130313_pantagon_future_weapon_sk.shtml" platform="highweb"/></link> ने इस रिपोर्ट का खंडन किया है कि उत्तर कोरिया अपनी मिसाइलों पर परमाणु हथियार लगाने में सक्षम है.

खंडन

एक अमरीकी सांसद ने रक्षा ख़ुफ़िया एजेंसी की एक रिपोर्ट को लीक करते हुए कहा था कि उत्तर कोरिया <link type="page"><caption> परमाणु हथियार</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/01/130124_north_korea_plans_third_nuclear_test_sdp.shtml" platform="highweb"/></link> ले जाने में सक्षम मिसाइल दाग सकता है, हालांकि इसकी विश्वसनीयता बहुत कम थी.

पेंटागन के प्रवक्ता जॉर्ज लिटल ने कहा, “ये कहना सही नहीं है कि उत्तर कोरिया ने ऐसी मिसाइल का पूरी तरह परीक्षण, विकास और प्रदर्शन कर लिया है जो परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है और जिसका संदर्भ रिपोर्ट में दिया गया है.”

यद्यपि उत्तर कोरिया ने परमाणु परीक्षण किए हैं लेकिन माना जा रहा था कि उसके पास ऐसी क्षमता नहीं है कि वो उन्हें छोटा करके बैलिस्टिक <link type="page"><caption> मिसाइल</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/04/130402_north_korea_missiles_guam_aa.shtml" platform="highweb"/></link> में फिट करने लायक बना सके.

ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि उत्तर कोरिया मिसाइल परीक्षण की तैयारी में है जिससे दक्षिण कोरिया में अलर्ट की स्थिति है.

दक्षिण कोरिया सर्तक

उत्तर कोरिया ने अपनी दो मुसुडेन बैलिस्टिक मिसाइलों को पूर्वी तट को ओर भेजा है. इन मिसाइलों की मारक क्षमता के बारे में अलग-अलग आकलन किया जा रहा है

उत्तर कोरियाई सैनिक
इमेज कैप्शन, उत्तर कोरिया ने अमरीका, जापान और दक्षिण कोरिया के सैन्य ठिकानों पर हमले की चेतावनी दी है

लेकिन कुछ विश्लेषकों का कहना है कि ये मिसाइल 4000 किलोमीटर तक मार कर सकती हैं.

अगर ऐसा होता है तो इससे गुआम स्थित अमरीका के सैन्य अड्डे उत्तर कोरिया की ज़द में आ जाएंगे. हालांकि अभी ये तय नहीं है कि इस मिसाइल का पहले परीक्षण हुआ है या नहीं.

अमरीका के <link type="page"><caption> राष्ट्रपति बराक ओबामा</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/04/130406_obama_appology_pkp.shtml" platform="highweb"/></link> ने उत्तर कोरिया से अनुरोध किया है कि वो अपने रवैये में बदलाव लाए और तनाव कम करने को कोशिश करे.

उन्होंने कहा कि वो इस मामले को बातचीत के ज़रिए सुलझाना चाहते हैं लेकिन साथ ही चेतावनी भी दी कि अपने लोगों को बचाने के लिए अमरीका हरसंभव उपाय करेगा.

अनदेखी

उत्तर कोरिया ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय की अनदेखी करते हुए फरवरी में अपना तीसरा परमाणु परीक्षण किया था जिसके बाद संयुक्त राष्ट्र ने उस पर प्रतिबंधों को और कड़ा कर दिया था.

इसके बाद उत्तर कोरिया ने परमाणु संयंत्र फिर से शुरू करने और दक्षिण कोरिया के साथ सैन्य हॉटलाइन बंद करने का ऐलान किया तथा विदेशी राजनयिकों को देश छोड़कर जाने का फरमान सुना दिया.

सोमवार को उत्तर कोरिया के संस्थापक किम इल सुंग का जन्मदिवस है और ऐसी संभावना है कि उस दिन नई मिसाइल का परीक्षण हो सकता है.

गुरुवार को <link type="page"><caption> जी-8</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/news/2012/05/120519_g8_greece_sdp.shtml" platform="highweb"/></link> देशों के विदेश मंत्रियों ने उत्तर कोरिया के परमाणु और बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम की कड़े शब्दों में आलोचना की है.

लंदन में बैठक के बाद <link type="page"><caption> ब्रिटेन</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/04/130401_britain_survey_dp.shtml" platform="highweb"/></link> के विदेश मंत्री विलियम हैग ने कहा कि अगर उत्तर कोरिया फिर कोई परमाणु या मिसाइल परीक्षण करता है तो उसके ख़िलाफ़ और कड़े कदम उठाए जाएंगे.