|
कड़ी सुरक्षा के बीच मतदान की तैयारी | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत के 15वें लोकसभा चुनावों के पहले चरण के मतदान में गुरुवार को लाखों की संख्या में मतदाता हिस्सा लेने वाले हैं. पहले चरण के मतदान में 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की 124 सीटों के लिए वोट डाले जाएंगे जिसके लिए व्यापक स्तर पर सुरक्षा तैयारियां की गई हैं. पहले चरण में 16 अप्रैल के बाद चार और चरणों में मतदान होने हैं. इस चरण में केरल की सभी 20 सीटों, छत्तीसगढ़ की 11 और मेघालय तथा अरुणाचल की दो दो सीटों के लिए मत डाले जाएंगे जबकि बिहार की 40 में से 13, उत्तर प्रदेश की 80 में से 16, महाराष्ट्र की 48 में से 13, आंध्र प्रदेश की 42 में से 22, झारखंड की 14 में से 6, उड़ीसा की 21 में से 10, असम की 14 में से तीन, मणिपुर की दो में से एक और जम्मू कश्मीर की छह में से एक सीट के लिए भी मतदान होगा. इसी चरण में अंडमान निकोबार, लक्षद्वीप, मिजोरम और नगालैंड की एक एक लोकसभा सीट के लिए भी वोट डाले जाएंगे. हालांकि पहले चरण में वोट डालने वाले मतदाताओं को भी परिणामों के लिए एक महीने का इंतज़ार करना पड़ेगा यानी परिणाम आएंगे 16 मई को. गुरुवार को ही आंध्र प्रदेश और उड़ीसा में विधानसभा चुनावों के लिए भी मत डाले जाएंगे. आंध्र प्रदेश की 294 में से 154 विधानसभा सीटों और उड़ीसा की 147 में से 70 विधानसभा सीटों के लिए पहले चरण में वोट पड़ेंगे.
इस चरण में जिन बड़े नेताओं के भाग्य का फ़ैसला होना है उनमें राजद से लालू प्रसाद यादव, बीजेपी के मुरली मनोहर जोशी, तेलंगाना राष्ट्र समिति के के चंद्रशेकर राव, कांग्रेस की रेणुका चौधरी, अभिनेत्री विजयाशांति, एनटीआर की पुत्री डी पुरंदेश्वरी और पूर्व केंद्रीय मंत्री बंडारु दत्तात्रेय के नाम प्रमुख हैं. चुनावों के लिए सुरक्षा व्यवस्था अत्यंत कड़ी कर दी गई है. विशेष तौर पर झारखंड, छत्तीसगढ़, आंध्र प्रदेश और उड़ीसा में नक्सल प्रभाव को देखते हुए कड़े इंतज़ाम किए गए हैं. उल्लेखनीय है कि बुधवार को नक्सलियों ने झारखंड और बिहार में चुनाव ड्यूटी में लगे पुलिसकर्मियों पर हमला किया था और उड़ीसा में नक्सली गतिविधियां बढ़ गई हैं. प्राप्त जानकारी के अनुसार पहले चरण के मतदान के लिए क़रीब पुलिस और अर्धसैनिक बलों के क़रीब 20 लाख जवानों को तैनात किया गया है. आंध्र प्रदेश के पुलिस महानिदेशक एके मोहंती ने कहा, '' हमने शांतिपूर्वक चुनाव कराने के लिए हरसंभव उपाय किए हैं और चप्पे चप्पे पर सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है.'' उत्तर प्रदेश में भी संवेदनशील इलाक़ों के मद्देनज़र सुरक्षा के व्यापक इंतज़ाम हैं. बिहार में नक्सली गतिविधियों के बाद वरिष्ठ पुलिस अधिकारी विकास वैभव का कहना था कि पूर्वी बिहार के इलाक़ों में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती होगी. |
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||