गडकरी को क्लीन चिट नहीं दी: गुरूमूर्ति

गड़करी को भी भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना करना पड़ रहा है
इमेज कैप्शन, गड़करी को भी भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना करना पड़ रहा है

राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ के विचारक एस गुरुमूर्ति का ट्वीट भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष नितिन गडकरी के लिए परेशानी पैदा कर सकता है.

नितिन गडकरी की कंपनियों के खातों की जांच करने वाले एस गुरुमूर्ति ने अपने ब्यान से पलटते हुए कहा है कि उन्होंने नितिन गडकरी को क्लीन चिट नहीं दी थी.

अपने ट्वीट में एस गुरुमूर्ति ने कहा, “मैंने कभी भी नितिन गडकरी को क्लीन चिट नहीं दी है. मैं किसी ऐसे इंसान को क्लीन चिट नहीं दे सकता जिसे मैं पूरी तरह जानता ही नहीं. मैं नितिन गडकरी को कतई नहीं जानता.”

ग़ौरतलब है कि नितिन गडकरी अपनी कपंनियों में निवेश करने के मामले में भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे हैं.

गुरुमूर्ति के इस बयान की इंटरनेट पर ख़ासी चर्चा हुई और मीडिया में भी इस पर अच्छी ख़ासी बहस हुई तो उन्होंने अपने ट्वीट को हटा दिया.

इसके बाद उन्होंने अपना पक्ष रखते हुए लिखा, “मुझे लगता है कि मेरे बयान का ग़लत मतलब निकाला गया. मैंने स्पष्ट कहा था कि मीडिया में नितिन गडकरी पर लग रहे आरोप झूठे हैं. अगर आप इसे क्लीन चिट मानते हैं तो मैंने क्लीन चिट दी है.”

एक और ट्वीट में गुरुमूर्ति ने कहा है, “मैं स्पष्ट कर देता हूं कि मैंने पूर्ति मामले में नितिन गडकरी को क्लीन चिट दे दी है.”

इस मामले पर उनका अंतिम ट्वीट था, “मैंने सिर्फ़ उन्हीं ट्वीट को डिलीट किया है जिन्हें ग़लत समझा जा रहा था, पूरा मामला नहीं."

पलटवार

इस पूरे मामले पर अपना पक्ष रखते हुए गुरुमूर्ति ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया, “ये पूरी तरह से ग़लत है. मैंने ट्विटर पर कुछ लोगों के सवालों के जवाब दिए थे. कुछ ट्वीट्स को परिप्रेक्ष्य से अलग देखा गया, इसलिए मैंने उन्हें हटा दिया.”

गुरुमूर्ति ने कहा, “मैंने न्यू इंडियन एक्सप्रेस में लिखे अपने लेख में कहा है- ये कहना बिल्कुल बकवास होगा कि मैंने गडकरी को क्लीन चिट दे दी है. मैं उनके बारे में पर्याप्त नहीं जानता. मैंने अपनी जांच में पाया कि मीडिया ने उन पर मनी लॉन्डरिंग के जो आरोप लगाए हैं, वो मूर्खतापूर्ण हैं.”

अपना पक्ष रखते हुए गुरुमूर्ति ने कहा, “मुद्दा ये हैं कि क्या मैंने नितिन गडकरी को मनी लॉन्डरिंग के मुद्दे पर क्लीन चिट दी, हां मैंने दी. जो मैंने लेख में लिखा है और जो मैंने ट्वीट किया है उसमें कोई विरोधाभास नहीं है.”