मोदी ने कहा है कि भारत-बांग्लादेश के बीच क़रीबी संबंध उनकी प्राथमिकता है- पाँच बड़ी ख़बरें

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ताइवान की राष्ट्रपति साई इंग-वेन ने बुधवार को कहा है कि वो चीन के 'एक देश, दो व्यवस्था' वाले प्रस्ताव को स्वीकार नहीं करेंगी.
चीन ने ताइवान के सामने यह राजनीतिक फॉर्मूला पेश किया था, जिसे ताइवान ने ख़ारिज कर दिया है. ताइवान का कहना है कि यह फॉर्मूला हॉन्ग कॉन्ग में पूरी तरह से नाकाम हो गया है, ऐसे में इसे स्वीकार करने का सवाल ही पैदा नहीं होता है.
चीन दावा करता है कि ताइवान उसका हिस्सा है और ज़रूरत पड़ी तो बल का प्रयोग कर अपने अधीन कर सकता है. ताइवान का कहना है कि वो एक स्वतंत्र देश है.
ताइवान में 11 जनवरी को चुनाव है और साई फिर से चुनावी मैदान में हैं. नए साल के मौक़े पर अपने भाषण में साई ने कहा कि ताइवान एक संप्रभु देश है और वो चीन के दबाव से मुक्त होकर लोकतंत्र और स्वतंत्रता को कायम रखेगा.
ताइवान के चुनावी कैंपेन में चीन का डर सबसे बड़ा मुद्दा है. चीन शासित हॉन्ग कॉन्ग में महीनों से चल रहे सरकार विरोधी प्रदर्शन के कारण ताइवान के चुनाव में 'चीन का डर' बड़े मुद्दे के तौर पर उभरकर सामने आया है.
साई ने कहा, "हॉन्ग कॉन्ग के लोगों ने हमें बता दिया है कि 'एक देश, दो व्यवस्था' निश्चित तौर पर नाकाम फॉर्मूला है."
हॉन्ग कॉन्ग ब्रिटिश उपनिवेश था, जिसे ब्रिटेन ने 1997 में स्वतंत्रता के कुछ ख़ास प्रावधानों के बदले चीन के हवाले कर दिया था.
साई ने कहा, "हॉन्ग कॉन्ग में 'एक देश, दो व्यवस्था' के तहत हालात दिन-ब-दिन बदतर हो रहे हैं. चीन ने शक्ति का दुरुपयोग करते हुए 'एक देश, दो व्यवस्था' की विश्वसनीयता को संदिग्ध बना दिया है. ऐसे में इसे स्वीकार करने का सवाल ही पैदा नहीं होता है."

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हॉन्ग कॉन्ग में महीनों से चीन की सरकार विरोधी प्रदर्शन चल रहे हैं. चीन इसे नियंत्रित करने की कोशिश कर रहा है. हॉन्ग कॉन्ग में चीन विरोधी प्रदर्शनकारियों का कहना है कि स्वायत्तता के प्रावधान के बावजूद चीन इसका उल्लंघन कर रहा है.
ताइवान की संसद ने मंगलवार को चीन के ख़तरे को देखते हुए एंटी-इन्फिल्ट्रेशन लॉ पास किया था. इस क़ानून के पास होने के बाद से ताइवान और चीन में तनाव चरम पर है.
साई का कहना है कि इस क़ानून से ताइवान के लोकतंत्र की रक्षा होगी. उन्होंने यह भी कहा कि इससे चीन से कारोबारी संबंध प्रभावित नहीं होगा. चीन को संदेह है कि साई की डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी ताइवान को औपचारिक रूप से स्वतंत्र देश बनाने को लेकर काम कर रही है और उसने धमकी दी है कि अगर ज़रूरत पड़ी तो ताइवान की सरकार के ख़िलाफ़ बल का इस्तेमाल किया जा सकता है.
हालांकि साई ने स्वतंत्रता की बात से इनकार किया है और उन्होंने इस बात को दोहराया कि वो चीन के साथ यथास्थिति को एकतरफ़ा होकर बदलना नहीं चाहती हैं.

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अबू धाबी के क्राउन प्रिंस का पाकिस्तान दौरा
अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख मोहम्मद बिन ज़ायद अल नाह्यान गुरुवार को पाकिस्तान के एकदिवसीय दौरे पर आ रहे हैं.
इस्लामाबाद में संयुक्त अरब अमीरात के राजदूत ने बयान जारी कर कहा है कि इस दौरे से दोनों देशों के बीच संबंध और मज़बूत होंगे. बयान में कहा गया है कि क्राउन प्रिंस पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान से द्विपक्षीय रिश्तों को और व्यापाक बनाने पर बात करेंगे.
दोनों नेताओं की मुलाक़ात में पारस्परिक हितों और क्षेत्रीय-वैश्विक स्थिति पर भी बात होगी. इससे पहले क्राउन प्रिंस पिछले साल 6 जनवरी को पाकिस्तान आए थे. इस दौरे के बाद पाकिस्तान को यूएई से तीन अरब डॉलर की आर्थिक मदद मिली थी. तब पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था गंभीर संकट में फँसी थी.

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सीएए पर केरल और केंद्र में टकराव
विवादित नागरिकता संशोधन क़ानून के ख़िलाफ़ केरल विधानसभा ने 31 दिसंबर को एक प्रस्ताव पास किया था. इस प्रस्ताव के पास होने के बाद केंद्रीय क़ानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने केरल सरकार की आलोचना करते हुए कहा था कि राज्यों के पास नागरिकता के मामले में कोई अधिकार नहीं है.
अब क़ानून मंत्री के इस तर्क के जवाब में केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने कहा है कि राज्यों की विधानसभाओं के पास अपने विशेषाधिकार हैं.
केरल की विधानसभा में मंगलवार को नागरिकता संशोधन क़ानून रद्द करने की मांग को लेकर प्रस्ताव पास किया गया था. रविशंकर प्रसाद ने इस प्रस्ताव के पास होने के कुछ घंटे बाद ही प्रेस कॉन्फ़्रेंस कर कहा था कि मुख्यमंत्री विजयन को क़ानूनी सलाह लेने की ज़रूरत है.
प्रसाद ने कहा था कि नागरिकता के मामले में कोई क़ानून बनाने का अधिकार सिर्फ़ संसद के पास है और इससे जुड़ा कोई भी प्रस्ताव किसी भी राज्य की विधानसभा पास नहीं कर सकती है.

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रसोई गैस की क़ीमत बढ़ी
ग़ैर-सब्सिडी एलपीजी यानी रसोई गैस की क़ीमत बढ़ा दी गई है और यह एक जनवरी से प्रभावी हो गई है. इंडियन ऑइल कॉर्पोरेशन के अनुसार दिल्ली और मुंबई में प्रति सिलिंडर क्रमशः 19 और 19.5 रुपये की बढ़ोतरी की गई है.
मतलब ग़ैर-सब्सिडी वाले एलपीजी के एक सिलिंडर की क़ीमत दिल्ली में 714 रुपये हो गई है और मुंबई में 684.50 रुपये. दिसंबर में दिल्ली में एक एलपीजी सिलिंडर की क़ीमत 695 रुपये थी और मुंबई में 665 रुपये.

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पीएम मोदी का डैमेज कंट्रोल?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना से कहा कि दोनों देशों के बीच क़रीबी संबंध उनकी सरकार की प्राथमिकता है और शेख मुजीबुर्रहमान की शताब्दी जयंती से दोनों मुल्कों के संबंध और बेहतर होंगे.
विवादित नागरिकता संशोधन क़ानून और एनआरसी के बाद से दोनों देशों के रिश्तों में आए तनाव के बीच पीएम मोदी का यह बयान काफ़ी अहम माना जा रहा है.
सत्ताधारी बीजेपी के कुछ नेताओं की बयानबाज़ी के कारण बांग्लादेश ने कड़ा ऐतराज जताया था. यहां तक कि बांग्लादेश के विदेश मंत्री ने भारत का दौरा रद्द कर दिया था.
पीएम मोदी ने नए वर्ष के मौक़े पर हसीना समेत सात पड़ोसी देशों के प्रधानमंत्रियों को फ़ोन कर बधाई दी. पीएम मोदी ने हसीना को सत्ताधारी अवामी लीग पार्टी के फिर से तीन साल के लिए अध्यक्ष बनने की भी बधाई दी.
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