महिला पुलिसकर्मी ने लावारिस नवजात को अपना दूध पिलाया

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- Author, इमरान क़ुरैशी
- पदनाम, बेंगलुरू से बीबीसी हिंदी के लिए
कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरू में एक महिला पुलिसकर्मी का दिल तब पसीज उठा जब उनके सामने एक लावारिस नवजात शिशु लाया गया. उन्होंने तुरंत उस बच्चे को अपने सहकर्मी की गोद से लिया और अपना दूध पिलाया.
पुलिस का कहना है कि इस बच्चे को एक कंस्ट्रक्शन साइट पर छोड़ दिया गया था. जब उसे पुलिस थाने लाया गया तो वह बहुत रो रहा था.
अर्चना बेंगलुरू में सॉफ्टवेयर पावर हाउस के पास स्थित इलेक्ट्रॉनिक्स सिटी पुलिस स्टेशन में कॉन्सटेबल हैं. वह पांच साल से पुलिस विभाग में सेवारत हैं. इसी पुलिस थाने में बच्चा लाया गया था.

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'खुद को रोक नहीं पाई'
बच्चे को दूध पिलाने को लेकर अर्चना ने बताया, ''मुझसे देखा नहीं गया. उस बच्चे को रोते हुए देखकर मुझे बहुत बुरा लगा. ऐसा लगा जैसे मेरा अपना बच्चा रो रहा है.''
अर्चना कहती हैं, ''आप एक नवजात को बोतल से कैसे दूध पिला सकते हैं.''
32 साल की अर्चना का अपना भी एक नौ महीने का बच्चा है. वह उसे भी अपना दूध पिलाती हैं.
इस बच्चे को पुलिस स्टेशन असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर नागेश आर लेकर आए थे. नागेश आर ने बताया, ''बच्चे को स्थानीय अस्पताल में साफ कराने के बाद मैं बच्चे को पुलिस स्टेशन ले गया.''
पुलिस कंट्रोल रूम को स्थानीय दुकानदार ने फोन करके बताया था कि एक बच्चे को कंस्ट्रक्शन साइट पर छोड़ दिया गया है. दुकानदार को ये जानकारी एक कूड़ा उठाने वाले ने दी थी.

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कुमारस्वामी पड़ा नाम
नागेश बताते हैं, ''वो बच्चा बहुत बुरी हालत में था. मैं बच्चे को स्थानीय अस्पताल में ले गया जहां उन्होंने हमसे पैसे भी नहीं लिए. कई लोगों की भीड़ मेरे पीछे-पीछे चल रही थी और उन्होंने बच्चे को सरकारी बच्चा नाम भी दे दिया था.''
''भीड़ में से एक व्यक्ति ने ये भी कहा क्योंकि यह सरकारी बच्चा है और कर्नाटक में नई सरकार भी बनी है तो हमें इस बच्चे का नाम कुमारस्वामी रख देना चाहिए.''
कर्नाटक के नए मुख्यमंत्री का नाम एचडी कुमारस्वामी है.

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पहले भी मिला एक बच्चा
पुलिस उपायुक्त डॉ. एस बोरालिंगा ने कहा, ''उसने ऐसा किया ये बहुत अच्छी बात है. हमारे समाज में बच्चे को भगवान माना जाता है.''
अर्चना इस बात से बहुत खुश हैं कि उनके पति को भी इस बात से बहुत अच्छा लगा. उनके पति ने कहा, ''तुमने बहुत अच्छा काम किया है.''
उस नवजात बच्चे को तुरंत शिशु विहार (बाल गृह) भेज दिया गया. इस मामले में अज्ञात शख्स के खिलाफ शिकायत दर्ज कर ली गई है.
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