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एक सैनिक मिस इंग्लैंड फ़ाइनल में... | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
स्त्रियों में सुंदरता और बुद्धिमता के एक साथ होने की कहानी अब पुरानी हो गई है. यह कहानी एक ऐसी स्त्री की है जो सौंदर्य और शौर्य की एक अद्भुत मिसाल है. इंग्लैंड की 21 वर्षीय महिला सैनिक कैटरीना हॉज ने मिस इंग्लैंड प्रतियोगिता के फ़ाइनल में पहुँच कर सब को चौंका दिया है. उल्लेखनीय है कि हॉज ने इराक़ में एक संदिग्ध इराक़ी चरमपंथी का साहसपूर्ण मुकाबला कर अपने दस्ते के कई सैनिकों की जान बचाई थी. वर्ष 2005 में उन्हें इस बहादुरी के बाद 'कामबैट बार्बी' के नाम से जाना जाने लगा था. यदि हॉज यह प्रतियागिता जीत लेती हैं तो वह वर्ष 2008 की विश्व सुंदरी प्रतियोगिता में इंग्लैंड का प्रतिनिधित्व करेंगी. वे मिस टनब्रिज वेल्स क्राउन पहले ही जीत चुकी हैं. उन्होंने कहा, "मुझे मिस इंग्लैंड के फ़ाइनल में पहुँच कर काफ़ी खुशी हो रही है. मेरे लिए यह एक प्रतिष्ठा की बात है." 'पार्ट-टाइम' मॉडल इराक़ में जब हॉज का वाहन उलट गया था तब एक इराक़ी विद्रोही ने बंदूक की नोक पर उनके दस्ते को बंधक बना लिया. लेकिन कारपोरल कैटरिना हॉज ने उस चरमपंथी पर घूस्से से वार करते हुए उससे बंदूक छीन ली थी. उन्होंने कहा, "दुर्घटना की वजह से हमारा वाहन तीन बार पलटा था और हम किसी भी सुरक्षा के लिए तैयार नहीं थे. जैसे ही हमने इधर-उधर देखा तो पाया कि इराक़ी चरमपंथी बंदूक लेकर खड़ा है. मैं समझ गई कि यदि मैंने ज़ल्दी कोई कार्रवाई नहीं की तो जीवन ख़तरे में है." उन्होंने कहा, "पार्ट टाइम मॉडल और एक सैनिक की दुनिया काफ़ी अलग हैं. सेना जो काम कर रही है और इस देश के लिए किया है उसे मैं इस प्रतियागित के जरिए सबके सामने लाना चाहती हूँ." वर्तमान में हॉज इंग्लैंड के कैंबरले स्थित फ़र्मली पार्क अस्पताल में काम कर रही हैं और वह एक पार्ट टाइम मॉडल भी हैं. शुक्रवार को मिस इंग्लैंड फ़ाइनल प्रतियागिता होना है. | इससे जुड़ी ख़बरें महिला सैनिक को तीन साल की क़ैद28 सितंबर, 2005 | पहला पन्ना बग़दाद में बसों पर हमला, 12 मरे12 नवंबर, 2006 | पहला पन्ना बसरा से ब्रितानी सैनिकों की वापसी03 सितंबर, 2007 | पहला पन्ना मिस चीन ने झटका मिस वर्ल्ड का ख़िताब02 दिसंबर, 2007 | मनोरंजन एक्सप्रेस आइसलैंड की सुंदरी बनी मिस वर्ल्ड 10 दिसंबर, 2005 | मनोरंजन एक्सप्रेस 'हिजाब पहनें, श्रृंगार ना करें, वरना...'15 नवंबर, 2007 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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