महिलाओं का मज़ाक बनाकर पैसे कमाती हैं फ़िल्में: पार्वती

इरफ़ान ख़ान के साथ पार्वती

इमेज स्रोत, Spice PR

    • Author, सुप्रिया सोगले
    • पदनाम, मुंबई से, बीबीसी हिंदी डॉट कॉम के लिए

मलयालम, तमिल और कन्नड़ फ़िल्मों में बतौर अभिनेत्री छाप छोड़ चुकी पार्वती बेतुकी कॉमेडी और कमर्शियल फ़िल्मों से दूर रहना चाहती है क्योंकि ऐसी फ़िल्में समाज को नुकसान पहुंचा रही है और इसकी ज़िम्मेदारी कोई नहीं लेता.

पार्वती का मानना है की ऐसी फ़िल्में पैसा तो बनाती हैं लेकिन समाज को बिगाड़ देती हैं.

बीबीसी से रूबरू हुई पार्वती ने बताया "100 करोड़ रुपये कमाने वाली हिंदी, मलयालम, तमिल, तेलुगु और कन्नड़ कॉमेडी फ़िल्में जो कमाई करती हैं, वो अधिकतर महिलाओं, दिव्यांगों या फिर मानसिक रोगियों का मज़ाक उड़ा कर पैसा कमाती हैं."

"अधिकतर दर्शक जो श्रमिक वर्ग से आते हैं वो इससे प्रभावित होते हैं और वो अपने आस-पास भी ऐसा ही व्यवहार करने लगते हैं."

इरफ़ान ख़ान के साथ पार्वती

इमेज स्रोत, Spice PR

पार्वती कहती हैं, "ढाई घंटे में अँधेरे कमरे में जो हम दिखाते है उसका असर समाज पर पड़ रहा है. आपको ये ज़िम्मेदारी लेनी पड़ेगी. मैं नहीं कहती कि हर फ़िल्म 'अर्धसत्य' होनी चाहिए पर कंटेंट में संवेदनशीलता होनी चाहिए."

"आपने पैसे तो बहुत बनाये होंगे लेकिन कम से कम किसी का मज़ाक तो ना बनाएं."

फ़िल्म इंडस्ट्री को अपना परिवार मानने वाली पार्वती ऐसी फ़िल्मों के लिए समाज से माफ़ी मांगती है.

फ़िल्म इंडस्ट्री में पुरुषों को अधिक प्राथमिकता दिए जाने की बात से इत्तेफ़ाक़ रखने वाली पार्वती का मानना है की ये इस इंडस्ट्री की कड़वी सच्चाई है लेकिन धीरे-धीरे इसमें बदलाव आ रहा है.

वो ऐसी सोच रखने वालों की तुलना एक ज़िद्दी बच्चे से करती हैं और कहती हैं, "ये एक ऐसा बच्चा है जो अपने आप को असुरक्षित महसूस करता है और अपना खिलौना किसी के साथ बांटना नहीं चाहता क्योंकि उसे माँ-पिता का प्यार नहीं मिला है. मुझे उन पर तरस आता है."

कंगना रनौत

इमेज स्रोत, STRSTR/AFP/Getty Images

पार्वती कंगना रनौत से प्रेरित महसूस कर रही है क्योंकि उनके मुताबिक फिलहाल कंगना अपने सबसे बड़े डर का सामना कर रही हैं.

फ़िल्म "करीब-करीब सिंगल" में पार्वती इरफ़ान खान के साथ रोमांस करती नज़र आएंगी. तनूजा चंद्रा निर्देशित ये फ़िल्म 10 नवंबर को रिलीज़ होगी.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)