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हस्तांतरण से पहले रिलायंस में तेज़ी | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अंबानी भाइयों के बीच रिलायंस की विभिन्न कंपनियों के शेयरों के हस्तांतरण के एक दिन पहले रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के शेयरों में भारी ख़रीदारी देखी गई और इसका शेयर 900 रुपए को पार कर गया. ग़ौरतलब है कि बुधवार को मुकेश और अनिल अंबानी के बीच बंटवारे के बाद हिस्से में आई कंपनियों के शेयरों का हस्तांतरण होना है और इसके लिए शेयर बाज़ार में एक घंटे का विशेष सत्र आयोजित किया गया है. मंगलवार को रिलायंस इंडस्टीज़ के शेयरों में भारी ख़रीदारी देखी गई और इसका शेयर 870 रुपए से बढ़कर 900 रुपए के स्तर पर पहुँच गया. रिलांयस इंडस्टीज़ की सेंसेक्स के उतार- चढ़ाव में बड़ी भूमिका रहती है. इसकी वजह से कई दिनों से गिर रहे मुंबई शेयर बाज़ार में भी तेज़ी देखी गई और वह लगभग 100 अंक ऊपर चढ़कर और 9421 के स्तर तक जा पहुँचा. रिलायंस के अलावा ग्रासिम इंडस्ट्रीज़, रिलायंस एनर्जी और टीसीएस में भी तेज़ी देखी गई. हालांकि एसीसी, ओएनजीसी, टाटा स्टील, भारती टेलीवेंचर्स, बीएचईएल और सिपला के शेयरों में गिरावट देखी गई. दूसरी ओर चीनी से जुड़ी कंपनियों के शेयरों में भी तेज़ी का रुख़ बरक़रार रहा. मवाना शुगर, पोन्नी शुगर और बजाज हिंदुस्तान के शेयरों में तेज़ी देखी गई. हालांकि पिछले कुछ समय में विदेशी निवेशकों की भारी ख़रीदारी के कारण मुंबई शेयर बाज़ार (बीएसई) का सूचकांक 9648 तक के ऐतिहासिक स्तर को छू चुका है. पिछले साल विदेशी निवेशकों ने मुंबई शेयर बाज़ार में क़रीब 11 अरब डॉलर का निवेश किया था जिसके कारण शेयर सूचकांक में 42 फ़ीसदी की बढ़ोतरी हुई थी. यह प्रक्रिया जारी है और बाज़ार विशेषज्ञों को उम्मीद है कि मुंबई शेयर बाज़ार का सूचकांक 10 हज़ार के स्तर को पार कर सकता है. | इससे जुड़ी ख़बरें निवेशकों को आश्वस्त करने के प्रयास23 सितंबर, 2005 | कारोबार | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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