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डकवर्थ लुईस नियम से भारत जीता | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत ने कानपुर वनडे मैच में डकवर्थ लुईस नियम के तहत इंग्लैंड को 16 रनों से हरा दिया है. ख़राब रोशनी के कारण मैच पूरा नहीं हो सका. भारत सिरीज़ में 3-0 से आगे हो गया है. तीसरे एक दिवसीय मैच में भारत के सामने जीत के लिए 49 ओवर में 241 रनों का लक्ष्य था. डकवर्थ लुईस नियम के तहत भारत को जीत हासिल करने के लिए 40 ओवर में पाँच विकेट पर 183 रनों की आवश्यकता थी. उस समय भारत ने पाँच विकेट पर 198 रन बनाए थे. जब मैच रोका गया उस समय कप्तान धोनी 29 और यूसुफ़ पठान 12 रन पर नाबाद थे. भारत की ओर से वीरेंदर सहवाग ने सर्वाधिक 68 रन बनाए. युवराज सिंह ने 38 रनों का योगदान दिया. भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही और गौतम गंभीर 14 रन बनाकर एंड्र्यू फ़्लिंटफ़ की गेंद पर आउट हो गए. सुरेश रैना सिर्फ़ एक रन ही बना पाए. रैना का विकेट स्टुअर्ट ब्रॉड ने लिया.
इसके बाद सहवाग और रोहित शर्मा स्कोर को 107 रनों तक ले गए. दोनों के बीच 73 रनों की साझेदारी हुई. लेकिन रोहित शर्मा 28 रन बनाकर स्वान की गेंद पर आउट हो गए. इसके बाद युवराज और सहवाग अभी जम ही रहे थे कि सहवाग फ्लिंटफ़ की गेंद पर कॉलिंगवुड को कैच थमा बैठे. सहवाग ने 68 रन बनाए. युवराज और धोनी संभल कर खेल रहे थे. लेकिन बढ़ती रन गति के बीच उन पर दबाव भी बढ़ रहा था. छक्का लगाने की कोशिश में युवराज आउट हो गए. उन्होंने 38 रन बनाए. हरभजन सिंह को मैन ऑफ़ द मैच घोषित किया गया. उन्होंने 10 ओवर में 31 रन देकर तीन विकेट लिए थे इससे पहले इंग्लैंड की टीम ने पहली पारी में 240 रन का स्कोर खड़ा किया था. धुंध के कारण मैच देर से शुरू हुआ और मैच 50 की बजाए 49 ओवर का कर दिया गया था. पहले बल्लेबाज़ी करते हुए इंग्लैंड की टीम दो गेंद पहले यानी 48.4 ओवर में 240 रन बनाकर आउट हो गई. इंग्लैंड की पारी टॉस जीतकर इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाज़ी चुनी और जिस तरह उनके सलामी बल्लेबाज़ों इयन बेल और रवि बोपारा ने पारी शुरुआत की, उससे ऐसा लगा कि इंग्लैंड की टीम 275 से ज़्यादा का स्कोर खड़ा करेगी.
लेकिन ऐसा हुआ नहीं. क्योंकि भारत के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने स्पिनरों का अच्छा इस्तेमाल किया. अच्छी शुरुआत के बाद इंग्लैंड के बल्लेबाज़ स्पिनरों को झेल नहीं पाए. इसका इसी से अंदाज़ा होता है कि इंग्लैंड की पूरी पारी के दौरान सिर्फ़ एक अर्धशतक लगा. रवि बोपारा ने सलामी बल्लेबाज़ के रूप में खेलते हुए सर्वाधिक 60 रन बनाए. इंग्लैंड ने अच्छी शुरुआत की और पहले विकेट की साझेदारी में 79 रन बने. लेकिन इयन बेल के 46 रन पर आउट होते ही इंग्लैंड की टीम बिखरने लगी. कप्तान केविन पीटरसन 13 रन बनाकर आउट हुए तो पूर्व कप्तान पॉल कॉलिंगवुड सिर्फ़ एक रन ही बना पाए. एंड्रयू फ़्लिंटफ़ और ओवैस शाह ने पारी संभालने की कोशिश की लेकिन वे भी सफल नहीं हो पाए. फ़्लिंटफ़ ने 26 और ओवैस शाह ने 40 रनों की पारी खेली. समित पटेल ने भी 26 रन बनाए. भारत की ओर से हरभजन सिंह ने सबसे ज़्यादा तीन विकेट लिए. आरपी सिंह की जगह टीम में शामिल किए गए ईशांत शर्मा और मुनाफ़ पटेल ने दो-दो विकेट लिए. ज़हीर ख़ान, युवराज सिंह और यूसुफ़ पठान को एक-एक विकेट मिले. |
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