फ़ुटबॉल विश्वकप के लिए 'तैयार' ब्राज़ील

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ब्राज़ील की राष्ट्रपति डिल्मा रूसेफ़ ने कहा कि उनका देश गुरुवार से शुरू हो रहे फ़ुटबॉल विश्वकप के लिए पूरी तरह तैयार है.
टेलीविज़न पर राष्ट्र के नाम संदेश में उन्होंने कहा कि 'निराशावादी' ब्राज़ीली लोगों के दृढ़ निश्चय से पराजित हो गए हैं.
उन्होंने आयोजन के ख़र्चे को लेकर हो रही आलोचनाओं को ख़ारिज करते हुए कहा कि इससे देश में आधारभूत संरचना का विकास होगा.
ब्राज़ील में एक साल से ख़राब प्रशासन और फ़ुटबॉल विश्वकप आयोजन पर होने वाले भारी ख़र्च के ख़िलाफ़ लोगों ने प्रदर्शन किया है.
'हड़ताल का ख़तरा'
मेट्रो कर्मियों की हड़ताल के कारण साओ पाओलो में होने वाले विश्व कप के उद्घाटन मैच और रियो डी जेनेरियो में होने वाले फ़ाइनल में बाधा पहुंचने का भी ख़तरा है.
फ़ुटबॉल विश्वकप की स्थानीय आयोजन समिति के प्रमुख रिकॉर्डो ट्रेडे ने बीबीसी को बताया कि हड़ताल वाली स्थिति एक दुःस्वप्न होगी.
खेलों की शुरुआत से क़रीब 48 घंटे पहले बोलते हुए राष्ट्रपति रूसेफ़ ने कहा कि दर्शक अपने साथ आधारभूत संरचना की परियोजनाएं 'अपने सूटकेस' में लेकर नहीं जाएंगे, वो देश में ही रहेगा और इसका लाभ हर किसी को मिलेगा.
उन्होंने टूर्नामेंट पर होने वाले 11 अरब डॉलर के ख़र्च का बचाव किया. राष्ट्रपति ने कहा कि यह एक 'झूठी चिंता' है कि विश्व कप आयोजन पर होने वाले ख़र्च के कारण शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में निवेश कम हुआ है.
उन्होंने आगे कहा कि इन क्षेत्रों के लिए 2010 और 2013 का बजट स्टेडियम में होने वाले निवेश से कई गुना ज़्यादा था.
उन्होंने कहा, "हमें इस बात का भरोसा करना चाहिए कि विश्व कप के खातों पर देश की ऑडिटिंग संस्थाएं सतर्कता से साथ नज़र रख रही हैं."
ब्राज़ील और क्रोएशिया की टक्कर

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वहीं स्थानीय निवासियों की शिकायत है कि विकास की जिन तमाम परियोजनाओं का वादा किया गया था, उनमें या तो देरी हुई है या वो पूरी ही नहीं हुईं.
फ़ुटबॉल विश्व कप का उद्घाटन मैच गुरुवार को मेज़बान ब्राज़ील और क्रोएशिया के बीच इटाक़ेरांग स्टेडियम या एरेना कोरिथियंस स्टेडियम में होगा जो साओ पाओलो के बाहरी छोर पर स्थित है.
हालांकि उद्घाटन मैच से पहले स्टेडियम को तैयार करने का काम अभी भी जारी है.
इसी बीच मेट्रो कर्मचारी यूनियन के नेताओं ने अपनी माँग पूरी न होने की स्थिति में साओ पाओलो में टूर्नामेंट के दौरान हड़ताल की धमकी दी है.
हालांकि राष्ट्रपति रूसेफ़ ने कहा है कि वह <link type="page"><caption> प्रदर्शनकारियों</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/institutional/2014/06/140609_fifa_brazil_sao_paulo_protesters_sk.shtml" platform="highweb"/></link> को टूर्नामेंट में बाधा पहुंचाने की इजाज़त नहीं देंगी.
फ़ुटबॉल विश्वकप के आयोजन में हज़ारों की संख्या में अतिरिक्त पुलिस बल और सैनिकों को तैनात किया जाएगा ताकि खेलों को निर्विघ्न संपन्न किया जा सके.
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