INDvNZ: रोहित शर्मा और राहुल द्रविड़ की जोड़ी की पहली परीक्षा

    • Author, अभिजीत श्रीवास्तव
    • पदनाम, बीबीसी संवाददाता

नए कोच, नए कप्तान और टी20 का नया मैदान. इन तीन नए संयोगों के साथ टीम इंडिया बुधवार शाम सात बजे से तीन मैचों की टी-20 सिरीज़ के पहले मुक़ाबले में न्यूज़ीलैंड से दो-दो हाथ करने उतर रही है.

राहुल द्रविड़ टीम इंडिया के नए कोच हैं. रवि शास्त्री की विदाई के बाद यह उनके मार्गदर्शन में पहला मैच है. रोहित शर्मा भी फुल टाइम कप्तान के तौर पर पहली बार टी-20 टीम का नेतृत्व करेंगे. वहीं, जयपुर के सवाई मान सिंह स्टेडियम में भी पहली बार टी-20 मैच खेला जा रहा है.

इन तीन के अलावा एक और संयोग भी है. और ये संयोग है, रोहित-राहुल की जोड़ी की नई शुरुआत की.

दरअसल दोनों के बीच ये साथ नया नहीं है. इसकी शुरुआत 14 साल पहले ही हो गई थी.

पुराना साथ- नई शुरुआत

रोहित शर्मा ने आयरलैंड के ख़िलाफ़ बेलफास्ट में अपने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर की शुरुआत की थी. तब टीम इंडिया का नेतृत्व राहुल द्रविड़ कर रहे थे. तब रोहित को पहले मैच में सौरव गांगुली और गौतम गंभीर की नाबाद साझेदारी की वजह से बैटिंग का मौका नहीं मिला था. अगले मैच में रोहित केवल आठ रन ही बना सके थे. द्रविड़ की कप्तानी में उन्होंने केवल ये दो मैच खेले लेकिन बाद के मैचों में रोहित ने कई यादगार पारियां खेलीं और आज ये मुकाम हासिल किया.

मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में तब की यादें ताज़ा करते हुए कोच राहुल द्रविड़ ने कहा, "हम जानते थे कि रोहित एक शानदार क्रिकेटर हैं. वैसे आयरलैंड से पहले चैलेंजर्स ट्रॉफ़ी में मैं रोहित के साथ खेल चुका था. हम सभी जानते थे कि रोहित में कुछ ख़ास है. यह उनका ख़ास टैलेंट ही है कि इतने सालों बाद आज हम साथ बैठे हैं. बीते 14 सालों में रोहित एक खिलाड़ी और एक व्यक्ति के रूप में बहुत आगे निकल आए हैं. मुंबई इंडियंस के कप्तान के रूप में उनकी सफलता बहुत शानदार रही है."

वहीं राहुल द्रविड़ से अपनी पहली मुलाक़ात के बारे में रोहित ने कहा कि उस वक्त वो बहुत नर्वस थे.

उन्होंने कहा, "मैं अपनी उम्र के लोगों के साथ बात करने में हिचकिचाता था, तो द्रविड़ तो काफ़ी सीनियर थे और मैं बहुत नर्वस था. जब इन्होंने मुझे बताया कि मैं टीम में हूं तो यह मेरे लिए किसी सपने के सच होने से कम नहीं था."

विराट पर क्या बोले रोहित

कोच-कप्तान की बॉन्डिंग के साथ-साथ राहुल द्रविड़ और रोहित शर्मा ने टीम के प्रदर्शन को लेकर अपने आगे के प्लान के बारे में भी बताया.

दोनों ने वर्क लोड मैनेजमेंट की बात की. द्रविड़ बोले कि फ़ुटबॉल की तरह ही क्रिकेट में सीज़न आते हैं और खिलाड़ियों के वर्कलोड का मैनजमेंट टीम के स्तर पर या उन्हें रेस्ट देकर किया जाता रहा है. बैलेंस बनाए रखने के लिए खिलाड़ियों को शारीरिक और मानसिक स्तर पर फिट बनाए रखने पर ध्यान केंद्रित करना होगा. इससे बड़े मौकों पर खिलाड़ी फिट रहेंगे.

वहीं रोहित शर्मा से जब विराट कोहली के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, "वे टीम के बेहद ख़ास खिलाड़ी हैं. हर मैच में लोगों का किरदार अलग होता है. सभी इसके लिए तैयार रहते हैं. अपने अनुभव और बैटिंग की बदौलत विराट जब भी लौटेंगे टीम को मजबूत करेंगे."

मुंबई इंडियंस की बादशाहत से टीम इंडिया की कमान तक

राहुल द्रविड़ ने रोहित शर्मा की मुंबई इंडियंस की कप्तानी की बात की. रोहित का आईपीएल में अनोखा रिकॉर्ड है. यहां न केवल उनके नेतृत्व में खेले गए 129 मैचों में से 77 में मुंबई की टीम ने जीत हासिल की है. बल्कि पिछले 9 सालों में पांच बार मुंबई चैंपियन भी रोहित शर्मा की कप्तानी में ही बनी है.

बात उस रोहित शर्मा की कप्तानी की करते हैं जिसने 19 मौकों पर टी-20 मैचों में टीम इंडिया की बागडोर भी संभाली है. जी हां, टीम इंडिया की कप्तानी को लेकर भी रोहित नए नहीं हैं. 2017 में यह सिलसिला शुरू हो चुका था. उनकी कप्तानी का रिकॉर्ड 19 मैचों में 15 जीत का है. हालांकि जिन चार मौके पर टीम मैच हारी उनमें से एक न्यूज़ीलैंड के ख़िलाफ़ भी था.

वैसे रिकॉर्ड की बात करें तो भारत-न्यूज़ीलैंड के बीच टी-20 मैचों में कांटे की टक्कर रही है. दोनों टीमों ने अब तक 17 मैच खेले हैं. शुरुआती पांच मुक़ाबले हारने के बाद भारत को पहली जीत 2017 में हासिल हुई. तो दुबई में इस साल खेले गए टी-20 वर्ल्ड कप में हार से पहले 2020 में खेले गए सभी मैच भारत ने जीते थे.

कुल मिलाकर आठ मैच भारत तो नौ मुक़ाबले न्यज़ीलैंड ने जीते हैं.

टिम साउदी भी पहली बार भारत में कप्तान

केन विलियम्सन न्यूज़ीलैंड की कप्तानी नहीं कर रहे और उनकी जगह टिम साउदी के हाथ में कमान है. साउदी के पास एक वनडे और 18 टी-20 मैचों में कप्तानी का अनुभव है लेकिन भारत में पहली बार टीम का नेतृत्व करेंगे.

क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 600 से अधिक विकटें ले चुके साउदी को 2017 में पहली बार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कीवी टी-20 की कप्तानी करने का मौका मिला था. वे अब तक 18 मैचों टीम की कप्तानी कर चुके हैं, इनमें से 12 बार न्यूज़ीलैंड को जीत मिली है.

भारत के ख़िलाफ़ भी दो मौकों पर उन्हें टी-20 मैचों में नेतृत्व करने का मौका मिला लेकिन अपनी ही सरज़मीं पर खेले गए उन दोनों मुक़ाबले में टीम इंडिया की जीत हुई थी. पांच मैचों की ये सिरीज़ बीते वर्ष जनवरी-फ़रवरी में खेली गई थी और टीम इंडिया ने विराट कोहली के नेतृत्व में इसे 5-0 से जीता था.

मान सिंह मैदान का रिकॉर्ड

यह इस मैदान पर खेला जाने वाला पहला टी-20 मैच है. वनडे मुक़ाबले यहां 1983 से ही खेले जाते रहे हैं. हालांकि, कोरोना काल के बाद यह पहला ऐसा अंतरराष्ट्रीय मैच है जिसमें दर्शकों को लेकर कोई पाबंदी नहीं है लिहाजा स्टेडियम के पूरे भरे होने के आसार हैं.

इस मैदान पर धोनी, गेल, तेंदुलकर, संगकारा, कोहली, कांबली समेत 15 वनडे शतकों में रोहित शर्मा का नाम भी दर्ज है. यहां खेले गए दो वनडे मैचों में रोहित ने इस एक शतक के अलावा पाकिस्तान के ख़िलाफ़ अर्धशतकीय पारी भी खेली है.

वहीं इस मैदान पर खेले गए 12 मुक़ाबलों में भारत को 8 में जीत मिली है तो चार में हार. न्यूज़ीलैंड ने यहां एकमात्र वनडे 2010 में खेला था. तब गौतम गंभीर की कप्तानी में भारत ने खेले गए पांच मैचों की वनडे सिरीज़ के सभी मैच जीते थे.

अपनी धरती पर जहां भारतीय टीम मजबूत है वहीं कीवी टीम भी आईपीएल और टी-20 वर्ल्ड कप की सफलता से लबरेज है लिहाजा क्रिकेट की पिच पर दोनों टीमों के बीच कड़ा संघर्ष होगा, इसकी पूरी उम्मीद है.

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