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'गधा हमेशा गधा ही रहता है', अपने बारे में ऐसा क्यों बोले इमरान ख़ान?
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान सोशल मीडिया पर ख़ूब ट्रोल हो रहे हैं. वजह है उनका ऐसा बयान, जिसमें उन्होंने बातों-बातों में अपनी तुलना गधे से कर डाली.
सोशल मीडिया पर वायरल क्लिप में इमरान ख़ान कहते सुने जा सकते हैं, "अगर एक गधे पर लकीरें बना दी जाएं तो वो ज़ेब्रा नहीं बन जाता. एक गधा हमेशा गधा ही रहता है."
दरअसल, वीडियो में इमरान ख़ान अपने जीवन के उन दिनों की बात कर रहे हैं जब वो ब्रिटेन में थे और फिर भी वहां की सोसायटी में घुल-मिल नहीं पा रहे थे.
ये क्लिप हाल ही में हुए एक पाकिस्तानी पॉडकास्ट शो का हिस्सा है, जिसमें इमरान ख़ान को बतौर मेहमान बुलाया गया था.
वायरल वीडियो में इमरान ख़ान कहते हैं, "मैं उस सोसायटी का हिस्सा भी था. बड़ा वेलकम भी किया. ब्रिटिश सोसायटी के अंदर बड़े कम लोगों को इस तरह स्वीकार करते हैं, लेकिन मैंने कभी उसको अपना घर नहीं समझा. क्योंकि मैं पाकिस्तानी था. जो मर्ज़ी मैं कर लूं, मैं अंग्रेज़ तो बन नहीं सकता. आप अगर गधे के ऊपर लकीरें डाल दें तो वो ज़ेब्रा नहीं बन जाता. वो गधा, गधा ही रहता है."
इंटरनेट पर ट्रोल हुए इमरान ख़ान
इमरान ख़ान के इस बयान को इंटरनेट पर पाकिस्तानी यूज़र्स बहुत शेयर कर रहे हैं. वीडियो भारत में भी बहुत शेयर किया जा रहा है.
पाकिस्तानी पत्रकार हसन ज़ैदी ने इस वीडियो को शेयर करते हुए साथ में लिखा है, "विदाउट कमेंट."
जियो न्यूज़ के पत्रकार मुर्तज़ा अली शाह ने भी इस वीडियो को ट्वीट किया और साथ में लिखा, "ज़ेब्रा होने का दिखावा करने वाले गधे कभी ज़ेब्रा नहीं बन सकते: इमरान खान."
जियो न्यूज़ उर्दू के पत्रकार अब्दुल कय्यूम सिद्दीक़ी ने इस वीडियो के साथ लिखा, "लकीरें खींचने से गधा ज़ेब्रा नहीं बन जाता. गधा, गधा ही रहता है- पूर्व पीएम."
सोशल मीडिया पर एक्टिव रहने वाली पाकिस्तानी पत्रकार नाइला इनायत लिखती हैं, "गधा, गधा ही रहता है."
क्या कह रहे हैं इमरान ख़ान?
पूरा पॉडकास्ट शो देखने पर ये स्पष्ट हो जाता है कि इमरान ख़ान असल में ओवरसीज़ पाकिस्तानी यानी विदेशों में बसे पाकिस्तानियों के बारे में बात कर रहे हैं और बता रहे हैं कि कैसे पाकिस्तान की प्रतिभाएं बाहर जा रही हैं.
शो के दौरान पॉडकास्ट होस्ट जुनैद अकरम इमरान ख़ान को बता रहे हैं कि उनके एक वीडियो को देखकर क्वेटा का एक बच्चा इतना प्रभावित हुआ कि आज वो रॉजर फ़ेडरर का फ़िजिशन बन चुका है. वो बच्चा कहता है कि पाकिस्तान में उसके पास कुछ भी नहीं था. वो देश वापस आना चाहता है और कुछ करना चाहता है लेकिन वो कहां जाए.
जुनैद विदेशों में बढ़ते पाकिस्तानियों की संख्या पर तंज करते हुए कहते हैं कि शायद पाकिस्तान ने ये पॉलिसी ही बना ली है कि ज़्यादा से ज़्यादा लोगों को विदेश भेजा जाए और वो वहां से पैसे भेजें, जिससे मुल्क चले.
इस पर पाकिस्तान के पूर्व पीए इमरान ख़ान कहते हैं, "ओवरसीज़ पाकिस्तानी के साथ हमारा सबसे अच्छा टैलेंट चला गया है, इसमें कोई शक नहीं है. यहां सिस्टम उन्हें रोकता है, इसलिए वो बाहर चले जाते हैं. लेकिन एक चीज़ याद रखें, बाहर पाकिस्तानी कितना भी कामयाब हो जाए, आख़िर में उसको वहां वो इज्ज़त या मुक़ाम नहीं मिल सकता, जो आपको अपने मुल्क में मिलता है."
"मैं बाहर क्रिकेट खेलता था, जाता था. मैं उस सोसायटी का हिस्सा भी था. वहां बड़ा वेलकम भी हुआ जबकि ब्रिटिश सोसायटी में बाहरी को आसानी से एक्सेप्ट नहीं किया जाता. लेकिन मैंने कभी उसको अपना घर नहीं समझा. क्योंकि मैं पाकिस्तानी था. जो मर्ज़ी मैं कर लूं, मैं अंग्रेज़ तो बन नहीं सकता. आप अगर गधे के ऊपर लकीरें डाल दें तो वो ज़ेब्रा नहीं बन जाता. वो गधा, गधा ही रहता है."
ये पॉडकास्ट शो पूरे एक घंटे 35 मिनट का है. इस शो के दौरान भी इमरान ख़ान ने अमेरिका पर अपनी सरकार गिराने का आरोप लगाया.
नेशनल असेंबली में अविश्वास प्रस्ताव हारने के बाद इमरान ख़ान की सरकार इसी साल 10 अप्रैल को गिर गई थी. इसके बाद विपक्षी गठबंधन के नेता शहबाज़ शरीफ़ को पाकिस्तान का प्रधानमंत्री चुना गया.
क्रिकेटर से राजनेता बने इमरान ख़ान लगातार अपनी रैलियों और अन्य संबोधनों में ये दावा कर रहे हैं कि अमेरिका की साजिश के बाद पाकिस्तान में उनकी सरकार गिरी है. हालांकि, ख़ान इस दावे की पुष्टि के लिए अभी तक कोई ठोस सबूत नहीं दे सके हैं.
सरकार गिरने से पहले इमरान ख़ान ने समय से पहले चुनाव कराए जाने की मांग की थी. हालांकि, देश के चुनाव आयोग ने कहा कि मई 2023 से पहले पाकिस्तान में आम चुनाव नहीं हो सकता.
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