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क्या जस्टिस गोगोई ऑफ़र ठुकरा देंगे: सोशल
जैसे ही ये ख़बर आई कि राष्ट्रपति ने पूर्व चीफ़ जस्टिस रंजन गोगोई को राज्यसभा के लिए नामित किया है, सोशल मीडिया पर तेज़ी से प्रतिक्रियाएं आने लगी.
एक जमाने में भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेताओं में शुमार और अटल-आडवाणी के करीबी सहयोगी रहे पूर्व वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने आशा जताई है कि पूर्व चीफ़ जस्टिस इस पेशकश को ठुकरा देंगे.
अपने ट्वीट में यशवंत सिन्हा ने लिखा है, ''मैं आशा करता हूं कि पूर्व चीफ़ जस्टिस रंजन गोगोई के पास राज्यसभा सीट के ऑफर पर ना कहने का अच्छा सेंस होगा, वरना वे न्यायपालिका की प्रतिष्ठा को भारी नुकसान पहुंचाएंगे.''
सीपीएम महासचिव सीताराम येचुरी ने पूर्व चीफ़ जस्टिस रंजन गोगोई को याद दिलाया है कि रिटायरमेंट के बाद किसी नियुक्ति को लेकर ख़ुद उन्होंने क्या कहा था.
अपने ट्वीट में सीताराम येचुरी ने लिखा है, ''श्री रंजन गोगोई ने पिछले साल ख़ुद ही कहा था कि 'ऐसा बड़ी मज़बूती से माना जाता है कि रिटायरमेंट के बाद होने वाली नियुक्तियां न्यायपालिका की आज़ादी पर धब्बा है......''
इसी तरह मार्क्सवादी नेता मोहम्मद सलीम ने ट्वीट किया है कि ''वकील को भुगतान क्यों करना जब आप जज ही ख़रीद सकते हैं......इस सवाल की पूर्व सीजेआई से कोई समानता प्रतीत हो तो ये महज संयोग है.''
कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने इसे 'नमो संदेश' शीर्षक दिया है और तबादला या इस्तीफ़ा शब्दों के ज़रिए बात को आगे बढ़ाया है.
तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा ने कहा है कि उन्हें इस ख़बर से हैरानी नहीं हुई है और उन्होंने इस सिलसिले में एनआरसी, राम मंदिर, जम्मू कश्मीर और यौन उत्पीड़न केस का ज़िक्र किया है.
स्वराज इंडिया पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष योगेंद्र यादव ने बीजेपी के दिवंगत नेता अरुण जेटली की कही बात याद दिलाई है, जिसमें वो कहते हैं, ''रिटायरमेंट से पहले के फ़ैसले, रिटायरमेंट के बाद जॉब की इच्छा से प्रभावित होते हैं.''
लेकिन सोशल मीडिया पर ऐसी तमाम प्रतिक्रियाएं भी हैं जो याद दिलाती हैं कि ऐसा पहली बार नहीं हुआ जब कोई पूर्व चीफ़ जस्टिस राज्यसभा की राह पर चला हो.
जयंत नाम के यूज़र लिखते हैं कि जस्टिस एम हिदायतुल्लाह को कांग्रेस ने इसी तरह राज्यसभा भेजा था.
नवरूप सिंह लिखते हैं कि जस्टिस रंगनाथ मिश्र को भी राज्यसभा भेजा गया था.
कुछ अन्य यूज़र्स ने जस्टिस बहरुल इस्लाम का ज़िक्र किया है जो अपने कार्यकाल के बाद राज्यसभा सदस्य बने थे.
बीजेपी के कुछ नेताओं ने और राजनीति से इतर भी कुछ यूज़र्स ने भी जस्टिस गोगोई को नामित किए जाने पर उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं.
मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी नेता शिवराज सिंह चौहान ने लिखा है कि 'जस्टिस गोगोई के राज्यसभा में आने से देश को बहुत फायदा होगा.'
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