वो बेहतरीन तस्वीरें, जिसमें भारत के बच्चे का भी चला सिक्का

पंजाब के रहने वाले अर्शदीप सिंह ने लंदन के नैचुरल हिस्ट्री म्यूज़ियम में घोषित किए गए '2018 वाइल्डलाइफ़ फ़ोटोग्राफ़र ऑफ़ द इयर' प्रतियोगिता में इनाम जीता है.

अर्शदीप को 10 साल से कम उम्र की श्रेणी में अवॉर्ड मिला है. अर्शदीप ने कपूरथला शहर के बाहर ये तस्वीर खींची थी जिसमें दो उल्लू एक पाइप के अंदर बैठे थे.

अर्शदीप कहते हैं, "मैंने दो उल्लुओं को उड़कर एक पाइप में जाते देखा और मैंने अपने पापा को ये बात बताई. उन्होंने कहा कि ऐसा हो ही नहीं सकता. फिर भी उन्होंने कार रोकी. हमने 20-30 मिनट इंतज़ार किया. फिर वे बाहर आए और मैंने तस्वीर खींच ली."

2018 वाइल्डलाइफ़ फ़ोटोग्राफ़र ऑफ़ द इयर एक प्रतिष्ठित प्रतियोगिता है. इसकी शुरुआत 1964 में हुई थी. लंदन का नैचुरल हिस्ट्री म्यूज़ियम इसका आयोजन करता है.

अगले साल की प्रतियोगिता के लिए सोमवार से प्रविष्टियां लेना शुरू कर दिया जाएगा. फ़िलहाल देखें, किस श्रेणी में किस तस्वीर को पुरस्कार मिला है.

चपटी नाक वाले बंदर

पत्थर पर बैठकर दूर कहीं देखते चपटी नाक वाले बंदरों की इस तस्वीर को 2018 वाइल्डलाइफ़ फ़ोटोग्राफ़र ऑफ़ द इयर प्रतियोगिता का मुख्य पुरस्कार मिला है.

यह तस्वीर मार्सेल वान उस्टन ने चीन के छिनलिंग पर्वतों पर ली थी. उन्होंने कई दिनों तक बंदरों के इस समूह का पीछा किया था तब जाकर इस तस्वीर को ले पाए थे.

आराम फ़रमाता तेंदुआ

इस साल जूनियर श्रेणी में दक्षिण अफ़्रीका के स्काई मीकर को मिला है. उन्होंने बोत्सवाना के मशातू गेम रिज़र्व में आराम फ़रमाते एक तेंदुए की तस्वीर खींची है.

यह तेंदुआ काफ़ी लोकप्रिय है और इसका नाम माथोजा है. बंतू भाषा में इस नाम का अर्थ है, "जो लंगड़ाकर चलता है." इस तेंदुए के बचपन में ही टांग टूट गई थी.

स्काई ने बताया कि इस तेंदुए को ज़िंदा रहने के लिए काफ़ी संघर्ष करना पड़ा क्योंकि टांग में दिक्कत होने के कारण यह शिकार को पेड़ों पर नहीं खींच सकता.

स्काई ने बताया कि काफ़ी घंटों तक इंतज़ार करने के बाद मथोजा ने उनकी ओर देखा तो झट से उन्होंने इस लम्हे को कैमरे में क़ैद कर लिया.

सुस्ताती सील्स

एनिमल्स इन देयर एन्वायरन्मेंट श्रेणी में स्पेन के क्रिस्टोबल सेरानो को यह पुरस्कार मिला है. उन्होंने अंटार्कटिक में तैरते एक हिमखंड पर सुस्ताती सील्स की तस्वीर खींची है.

गेंद बनाती ततैया

बिहेवियर (जिनमें रीढ़ नहीं होती) श्रेणी में जॉर्जिना स्टेटलर की मिट्टी के गोले बनाती इस ततैया की तस्वीर को पुरस्कार मिला है.

उन्होंने पश्चिमी ऑस्ट्रेलिया के वॉल्योरमॉरिंग नेचर रिज़र्व में यह तस्वीर खींची है.

'उड़ती' मछली

यह उड़ती हुई नज़र आती मछली अमरीकी फ़ोटोग्राफ़र माइकल पैट्रिक ओनील के कैमरे में क़ैद हुई है. उन्हें अंडरवॉटर श्रेणी में अवॉर्ड मिला है. उन्होंने फ़्लोरिडा के पाम बीच से होकर जाते समय ये तस्वीर खींची थी.

दिन में ये मछलियां कम दिखती हैं मगर रात को आसानी से दिख नज़र आ जाती हैं. कई कैमरे और कई तरह की लाइट सेटिंग्स इस्तेमाल करने के बाद यह तस्वीर खींची जा सकी.

जोकर बंदर

वाइल्डलाइफ़ फ़ोटो जर्नलिज़्म कैटिगरी में पुस्कार जीतने वाली यह तस्वीर जोन डी ला माला ने खींची है.

करतब दिखाने वाले एक बंदर की यह तस्वीर इंडोनेशिया के जावा द्वीप पर खींची गई. इसमें मकैक बंदर को जोकर का मुखौटा पहनने के लिए मजबूर किया गया है.

ज़िम्मेदार पतंगा

वाइल्डलाइफ़ फ़ोटोग्राफ़र पोर्टफ़ोलियो कैटिगरी में इनाम जीतने वाली यह तस्वीर स्पेन के फ़ोटोग्राफ़र जेवियर अज़नार गोन्ज़ालेज़ डी रुएडा ने खींची है.

इसमें एक मादा पतंगा अपने बच्चों की रक्षा करती नज़र आ रही है.

पानी के अंदर मल्लयुद्ध

बिहेवियर (उभयचर और सरीसृप) श्रेणी में डेविड हेरासिम्त्सचक की इस तस्वीर को इनाम मिला है.

उन्होंने टेनेसी की टेलिको नदी में यह तस्वीर ली है जिसमें एक विशाल सैलमैन्डर पानी के सांप से के साथ गुत्थमगुत्था है.

पानी और रेत के समंदर का मिलन

अर्थ्स एन्वायरन्मेंट श्रेणी में नामीबिया के एक समुद्र तट के किनारे हवा के बहाव के कारण बने रेत के टीले नजर आ रहे हैं.

यह तस्वीर ओरलांदो फर्नांडेज़ मिरांडा ने खींची है.

ये भी देखें-

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)