You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
अच्छी नींद में छुपा है आपकी ख़ूबसूरती का राज़
- Author, मिशेल रॉबर्ट्स
- पदनाम, हेल्थ एडिटर, बीबीसी न्यूज़ ऑनलाइन
'ब्यूटी स्लीप' या 'नींद से ख़ूबसूरती बढ़ने' की बात कोई कोरी कल्पना नहीं है.
वैज्ञानिकों का कहना है कि जो लोग अपनी नींद में किसी वजह से कटौती करते हैं या पूरी नींद नहीं लेते वे दूसरे लोगों को कम आकर्षित करते हैं.
लोगों के सोने के तौर तरीकों पर किए गए अध्ययन से पता चलता है कि एक-दो रातों की ख़राब नींद किसी भी शख़्स के चेहरे का आकर्षण बिगाड़ने के लिए काफ़ी है.
आंखों के इर्द-गिर्द काले घेरे और सूजी हुई आंखों के और भी ख़राब नतीजे हो सकते हैं.
वैज्ञानिकों का कहना है कि इनकी वजह से दूसरे लोग आपके साथ घुलने-मिलने से कतरा सकते हैं.
इसके लिए अजनबियों से थके चेहरे वाले लोगों के बारे राय ली गई और ये पाया गया कि वे उन्हें कम स्वस्थ और दोस्ताना समझते हैं.
अच्छी नींद
शोधकर्ताओं ने प्रयोग के लिए यूनिवर्सिटी के 25 छात्रों को चुना. इनमें से कुछ पुरुष थे और कुछ महिलाएं.
शोध में स्वैच्छिक रूप से भाग लेने वाले इन छात्रों को एक किट दिया गया ताकि रात में उनकी गतिविधियों पर नज़र रखी जा सके.
पहले उन्हें दो लगातार रातों को अच्छी नींद लेने के लिए कहा गया और फिर हफ्ते भर बाद इसी तरह से केवल चार घंटे सोने के लिए कहा गया.
इस तरह से दोनों ही बार इन छात्रों की तस्वीरें ली गईं और इसके बाद स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में 122 अजनबी लोगों से इन तस्वीरों को दिखाकर राय मांगी गई.
उनसे आकर्षक दिखने, स्वास्थ्य, नींद और भरोसे करने जैसी कसौटियों पर उन्हें रेटिंग देने के लिए कहा गया.
और इन अजनबी लोगों से ये भी पूछा कि आप इन छात्रों से किस हद तक घुलना-मिलना पसंद करेंगे.
नकारात्मक राय
अजनबियों के जवाबों ने शोध के नतीजों की बुनियाद रखी. थके लोगों के साथ घुलने-मिलने को लेकर लोगों की राय नकारात्मक थी.
अगर कोई छात्र उनींदा था तो आकर्षक होने के पैमाने पर उसकी रेटिंग ख़राब रही.
कैरोलिंस्का इंस्टीट्यूट के शोधकर्ताओं का कहना है कि रिसर्च से कई नई बातों का पता चलता है.
लीड रिसर्चर डॉक्टर टीना सुंडेलिन का कहना है, "मैं लोगों को फ़िक्र में नहीं डालना चाहती. अगर उनकी नींद में थोड़ी-बहुत कमी रह जाए तो ज़्यादातर लोग आसानी से एडजस्ट कर लेते हैं."
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)