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सिर्फ़ दो घंटे की नींद ही काफ़ी है हाथी के लिए
- Author, हेलेन ब्रिग्ज़
- पदनाम, बीबीसी न्यूज़
अफ़्रीका का जंगली हाथी सबसे कम सोने वाला स्तनपायी जानवर है. एक अध्ययन में यह पाया गया है.
वैज्ञानिकों ने जानवरों के सोने की आदतों का पता लगाने के लिए अफ़्रीकी देश बोत्सवाना में दो हथिनियों पर निगरानी रखी.
यह पाया गया कि चिड़ियाघरों में हाथी रोज़ाना चार से छह घंटे सोते हैं. पर अपने प्राकृतिक आवास जंगल में दिन में दो घंटे की नींद से उनका काम चल जाता है. वे अमूमन रात में ही सोते हैं.
ये दोनों हथिनियां अपने अपने झुंड की नेता थीं. वे शायद शेर या शिकारियों से बचने के लिए दूर-दूर तक चली गईं.
इस दौरान वे खड़ी-खड़ी झपकियां लेती रहीं, सिर्फ़ तीन या चार दिनों में एक बार लेट कर सोईं.
सूंड़ में लगाया उपकरण
दक्षिण अफ़्रीका के विटवॉटरसैंड विश्वविद्यालय के प्रोफ़ेसर पॉल मैंगर ने बीबीसी से कहा, "हाथी सबसे कम सोने वाले स्तनपायी हैं, यह उनके बड़े शरीर की वजह से है."
उनकी टीम ने इन हथिनियों की सूंड़ में एक उपकरण लगा दिया. सूंड़ के पांच मिनट तक स्थिर रहने के आधार पर यह उपकरण पता लगा लेता था कि वह कब और कितनी देर सोयी.
मैंगर आगे जोड़ते हैं, "हम पूरे यकीन से नहीं कह सकते कि हाथी सबसे कम क्यों सोता है. नींद जीव विज्ञान की पहेलियों में एक है. जिंदा रहने के लिए सोना ज़रूरी है."
हाथी भी लेते हैं झपकियां
मोटे तौर पर देखा गया है कि बड़े शरीर वाले जीव अधिक सोते हैं. स्लॉथ दिन भर में 14 घंटो सोता रहता है जबकि मनुष्य आठ घंटे ही नींद लेता है.
फिर हाथी इतना कम सो कर कैसे जिंदा रहता है?
वैज्ञानिक हाथियों की नींद पर और शोध करने की योजना बना रहे हैं. वे इसमें नर हाथी को भी शामिल करेंगे.
वे आंख की रेटिना को घुमा कर झपकी लेने या सपना देखने का भी अध्ययन करेंगे.
ज़्यादातर जानवर रोज़ाना झपकी लेते हैं.