|
'तालिबान' ने छह लोगों की हत्या की | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पाकिस्तान के उत्तर पश्चिमी प्रांत में संदिग्ध तालिबान चरमपंथियों ने छह लोगों को अमरीका के लिए जासूसी करने के आरोप में मौत के घाट उतार दिया है. स्थानीय अधिकारियों के अनुसार मारे गए लोगों की लाशें उत्तरी वज़ीरिस्तान के मिरानसाह और मीर अली में मिली हैं. यह इलाक़ा अल क़ायदा और तालिबान का गढ़ माना जाता है. पिछले दो हफ्तों में इन इलाक़ों में संदिग्ध चरमपंथियों ने पाकिस्तान या अमरीकी बलों के लिए जासूसी करने के आरोप में कम से कम 15 लोगों को मार डाला है. उत्तरी और दक्षिणी वज़ीरिस्तान को मिला दिया जाए तो पिछले छह सालों में चरमपंथियों ने सौ लोगों को जासूसी के आरोप में मारा है. अधिकारियों ने बीबीसी उर्दू सेवा को बताया कि मारे गए लोगों में दो स्थानीय क़बीले के हैं जबकि दो अफ़गानिस्तान के खोश्त प्रांत के और दो पाकिस्तान के उत्तर पश्चिमी सीमांत प्रांत के रहने वाले हैं. इन लाशों पर पाए गए नोट में कहा गया है कि इन लोगों को अमरीका के लिए जासूसी करने की सज़ा मिली है. नोट में चेतावनी दी गई है कि लाशों को दिन के अंत तक नहीं हटाया जाए ताकि अन्य लोगों को भी पता चले कि ''जासूसों'' के साथ क्या बर्ताव किया जाता है. पिछले कुछ हफ्तों में स्थानीय तालिबान चरमपंथियों ने ऐसी हत्याओं की ज़िम्मेदारी लेते हुए कहा है कि ये जासूस चरमपंथी इलाक़ों में अमरीकी जासूसी विमानों को हमला करने में मदद कर रहे थे. | इससे जुड़ी ख़बरें अफ़ग़ानिस्तान में हिंसा, कई की मौत28 मई, 2007 | भारत और पड़ोस लाल मस्जिद ने चीनी महिलाओं को छोड़ा23 जून, 2007 | भारत और पड़ोस हेलमंद में '80 तालेबान लड़ाकों की मौत'28 अक्तूबर, 2007 | भारत और पड़ोस पाकिस्तान के क़बायली इलाक़े24 अप्रैल, 2008 | भारत और पड़ोस पाकिस्तान में 'कई चरमपंथी' मारे गए27 अगस्त, 2008 | भारत और पड़ोस सैन्य कार्रवाई में कई चरमपंथी मारे गए29 अगस्त, 2008 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||