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'खोस्त पर क़ब्ज़े की कोशिश विफल' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अफ़ग़ानिस्तान में नैटो अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने खोस्त कस्बे पर तालेबान लड़ाकों के कब्ज़ा करने की कोशिश विफल कर दी है. नैटे के मुताबिक इसमें मारे गए तालेबान लड़ाकों की संख्या दोहरे अंकों में है जबकि प्रांत के गवर्नर ने कहा कि 50 लड़ाके मारे गए हैं. रिपोर्टों के मुताबिक करीब 100 तालेबान लड़ाके पाकिस्तान सीमा के पास सपेरा में इकट्ठा हो गए थे.उन्होंने अफ़ग़ान पुलिस पर गोलीबारी की और ग्रेनेड से से हमला किया. नैटो के मुताबिक गठबंधन सेना ने हमले का जवाब हेलकॉप्टर गनशिप से दिया. खोस्त प्रांत के गवर्नर ने बताया, “बड़ी संख्या में तालेबान लड़ाकों ने ज़िला मुख्यालय पर सुबह दो बजे हमला किया. करीब 100 से 150 लड़ाके थे. लेकिन एक ही जगह पर दो घंटों से ज़्यादा टिक कर तालेबान ने ग़लती की. अफ़गान सरकार अब मज़बूत है. पुलिस, अफ़गा़न सेना और गठबंधन सेना इतनी काबिल है कि वो इतने समय में किसी भी जगह पहुँच जाएँ.” वहीं गठबंधन सेना के मुताबिक पाकटिया प्रांत में हुए एक हमले में कई चरमपंथी मारे गए हैं जबकि चार को हिरासत में लिया गया है. कुछ दिन पहले ही अमरीकी विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस ने पाकिस्तान से कहा है कि वह सीमावर्ती इलाक़ों से अफ़ग़ानिस्तान पर तालेबान के हमले रोकने के लिए और क़दम उठाए. विदेश मंत्री राइस ने कहा कि नियंत्रण के हिसाब से उत्तर-पश्चिमी सीमांत प्रांत पाकिस्तान के लिए कठिन इलाक़ा है लेकिन वहाँ चरमपंथियों को इस बात की अनुमति नहीं दी जा सकती कि वे सीमा पार हमलों की योजना बनाएँ और उसे अंज़ाम दे. | इससे जुड़ी ख़बरें 'तालेबान के ख़िलाफ़ क़दम उठाए पाक'25 जुलाई, 2008 | भारत और पड़ोस पाकिस्तान में होगी चरमपंथ पर बहस24 जुलाई, 2008 | भारत और पड़ोस काबुलः आत्मघाती हमले में तीन घायल22 जुलाई, 2008 | भारत और पड़ोस अमरीकी सैनिकों ने चौकी छोड़ी16 जुलाई, 2008 | भारत और पड़ोस 'हमलों के लिए आईएसआई ज़िम्मेदार'14 जुलाई, 2008 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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