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'तिब्बत मुद्दा ज़िंदगी और मौत का संघर्ष' | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
चीन की सरकार ने चेतावनी दी है कि तिब्बत के मुद्दे पर वह 'ज़िंदगी और मौत' के संघर्ष में जुटी हुई है. प्रशासन के मुताबिक तिब्बत की राजधानी ल्हासा में सौ प्रदर्शनकारियों ने आत्मसमर्पण कर दिया है. महत्वपूर्ण है कि ये चेतावनी उस समय आई है जब उत्तर-पश्चिमी चीन में और हिंसा होने की ख़बरें आई हैं. तिब्बत में प्रदर्शन 10 मार्च को शुरु हुए थे जब दुनिया भर में रह रहे तिब्बतियों ने चीनी शासन के ख़िलाफ़ विद्रोह की 49वीं वर्षगाँठ मनाई थी. बीबीसी संवाददाता के अनुसार जहाँ मंगलवार को चीन के प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ दुनिया को बता रहे थे कि स्थिति नियंत्रण में है, तब हज़ारों तिब्बती मूल के लोग बोडामा में सरकारी इमारतों पर धावा बोल रहे थे. तिब्बत में कम्युनिस्ट पार्टी के सचिव जैंग क्विंग्ली ने कहा है कि चीन दलाई लामा के समर्थकों के साथ एक ख़ून-ख़राबे वाले संघर्ष का सामना कर रहा है. 'सौ से ज़्यादा का आत्मसमर्पण' चीन की सरकार के मुताबिक ल्हासा में प्रदर्शनों में भाग लेने वाले सौ से ज़्यादा लोगों ने आत्मसमर्पण कर दिया है. एक हफ़्ते से चल रहे प्रदर्शनों के कारण वहाँ अब भी बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मी तैनात हैं. न्यू चायना न्यूज़ एजेंसी के अनुसार प्रदर्शनकारियों ने आत्मसमर्पण इसलिए किया है ताकि सरकार की चेतावनी के बाद उनके साथ रियायत बरती जाए.
सोमवार मध्यरात्री को चीन विरोधी प्रदर्शनों में शामिल लोगों के आत्मसमर्पण करने की सरकार की तय की गई समयसीमा समाप्त हो गई. 'हिंसा बंद होनी चाहिए' तिब्बत में चल रहे इन प्रदर्शनों के दौरान पिछले हफ़्ते हिंसा भड़क उठी थी. उधर हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में रह रहे तिब्बतियों के निर्वासित धर्मगुरु दलाई लामा ने मंगलवार को कहा है कि तिब्बत में चल रही हिंसा बंद होनी चाहिए. उन्होंने चीन की सरकार के उन आरोपों को ख़ारिज किया जिनके अनुसार उन्हें ल्हासा में चल रही हिंसा के लिए दोषी ठहराया गया है. दलाई लामा का कहना था कि तिब्बतियों को चीनी लोगों के साथ मिलकर रहना चाहिए. मंगलवार को चीन के प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ ने तिब्बत के निर्वासित धर्मगुरु दलाई लामा और उनके गुट को तिब्बत की राजधानी ल्हासा में हाल में हुई हिंसा को उकसाने का आरोप लगाया था. जियाबाओ ने तिब्बत में हुई हिंसा को 'सांस्कृतिक जनसंहार' बताने वाले दलाई लामा के कुछ दिन पहले के बयान को 'झूठ' क़रार दिया था. तिब्बत की स्थिति पर सोमवार को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की एक अनौपचारिक बैठक में संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने चीन और तिब्बत में चीन विरोधी प्रदर्शनकारियों से अपील की थी कि वहाँ हिंसा को तुरंत रोका जाए. |
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