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किसान रैली से चुनाव प्रचार की शुरुआत | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
कांग्रेस पार्टी दिल्ली में रविवार को एक बड़ी किसान रैली करने जा रही है. बजट में छोटे किसानों के कर्ज़ माफ़ किए जाने को मुद्दा बनाकर आयोजित इस रैली को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी संबोधित करेंगी. पार्टी का कहना है कि इस रैली में उत्तरी भारत के कई प्रदेशों से किसानों के शामिल होने वाले हैं. राजनीतिक प्रेक्षक इस रैली को चुनाव प्रचार की शुरुआत की तरह देख रहे हैं. उल्लेखनीय है कि परमाणु करार को लेकर यूपीए और वाममोर्चे के बीच खींचतान बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं और कहा जा रहा है कि यह तनाव कभी भी चुनाव तक पहुँच सकता है. दूसरी ओर रेल बजट से लेकर आम बजट तक जो घोषणाएँ की गई हैं उसने भी पर्याप्त संकेत दिए हैं कि सरकार चुनाव की तैयारियों में लग गई है. रैली और दूसरी तैयारियाँ कांग्रेस की यह रैली दिल्ली के रामलीला मैदान में होने जा रही है. इस रैली में दिल्ली के अलावा पंजाब, राजस्थान और उत्तरप्रदेश के किसानों के भाग लेने की संभावना बताई गई है. इसके अतिरिक्त कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और सभी राज्यों के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के भी इसमें शामिल होने की संभावना है. चूंकि दिल्ली की रैली के बाद ऐसी ही रैलियाँ प्रदेशों में भी आयोजित की जानी है इसलिए इन नेताओं को बुलाया गया है. ये रैलियाँ राजस्थान, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, कर्नाटक और उड़ीसा में आयोजित की जाएँगी. इनमें से राजस्थान, मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में इसी साल नवंबर में चुनाव होने हैं जबकि कर्नाटक में उससे पहले ही चुनाव होने की संभावना है और उड़ीसा के चुनाव अगले साल मार्च में होने की संभावना है. इन रैलियों में मुख्य रुप से बजट में घोषित किसानों की कर्ज़ माफ़ी और दूसरी सुविधाओं का ज़िक्र किया जाएगा. समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जेपी अग्रवाल ने बताया कि बजट का ज़िक्र करके पार्टी लोगों को बताना चाहती है कि वह आम आदमी के साथ है. इस रैली के अलावा 10 मार्च को सभी राज्यों के विधायकदल के नेताओं और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्षों की बैठक बुलाई गई है. पार्टी का कहना है कि बजट के मुख्य बिंदुओं के आधार पर एक पुस्तिका तैयार की जा रही है जिससे कि लोगों को बताया जा सके कि यूपीए सरकार ने आम आदमी और किसानों के हित में कैसे और कितनी सहायता उपलब्ध करवाई है. | इससे जुड़ी ख़बरें अख़बारों की आम राय - 'चुनावी बजट' 01 मार्च, 2008 | कारोबार क़र्ज़ माफ़ी का कितना मिलेगा लाभ!29 फ़रवरी, 2008 | कारोबार 'बजट - समय से पहले चुनाव का संकेत'29 फ़रवरी, 2008 | कारोबार किसानों के कर्ज़ माफ़, आयकर में राहत29 फ़रवरी, 2008 | कारोबार लालू के रेल बजट की ख़ास बातें26 फ़रवरी, 2008 | कारोबार | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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