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भारत-पाक उड़ानों की संख्या दोगुनी करेंगे | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत और पाकिस्तान के बीच यह सहमति हो गई है कि दोनों देशों के बीच यात्री उड़ानों की संख्या को दोगुना कर दिया जाए. दोनों देशों के बीच यह सहमति भी बनी है कि विमानों को ज़्यादा शहरों तक जाने की अनुमति दी जाए और अन्य एयरलाइनों को भी इन मार्गों पर उडानों की अनुमति दी जाए. इस समझौते को दोनों परमाणु संपन्न देशों के बीच संबंधों में आ रहे सुधार के रुप में देखा जा रहा है. समझौते के बाद दोनों देशों ने एक संयुक्त बयान में कहा है कि उन्हें उम्मीद है कि इससे दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क बढ़ेगा और व्यावसायिक गतिविधियों में बढ़ोत्तरी होगी. इस समय भारत के दिल्ली और मुंबई शहरों से पाकिस्तान के लाहौर और कराची शहरों के लिए सप्ताह में कुल 12 उड़ानें हैं. भारत से इंडियन एयरलाइन्स और पाकिस्तान से पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरवेज़ के विमान ही इन चार शहरों के लिए उड़ान भरते हैं. शुक्रवार को हुए इस समझौते के बाद दोनों पक्ष तीन-तीन एयरलाइनों को इन मार्गों पर विमान सेवाएँ शुरु करने का अवसर दे सकेंगे. इसके बाद विमानों के गंतव्यों में इस्लामाबाद और चेन्नई का नाम और जुड़ जाएगा. इससे दोनों देशों की राजधानियों को विमान सेवा से जोड़े जाने का रास्ता भी साफ़ हो गया है. उल्लेखनीय है कि वर्ष 2003 में शुरु की गई शांति प्रक्रिया के तहत दोनों देशों ने यातायात बढ़ाने की हामी भरी है. इससे पहले दोनों देशों के बीच बस सेवाएँ शुरु की गई हैं और फिर मालवाहक ट्रकों के लिए भी सीमा को खोल दिया गया है. इस बीच रेल यातायात में भी बढ़ोत्तरी हुई है. 1947 में हुए विभाजन में अलग हुए दोनों देशों के बीच तीन बार युद्ध हो चुका है जिसमें से दो युद्ध कश्मीर के विवाद को लेकर हुए हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें पाकिस्तान के पुराने विमानों पर रोक03 मार्च, 2007 | भारत और पड़ोस चार दशक बाद जुड़े रिश्तों के तार18 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस फिर पटरी पर दौड़ी थार एक्सप्रेस18 फ़रवरी, 2006 | भारत और पड़ोस अमृतसर-लाहौर बस सेवा पर बातचीत05 मई, 2005 | भारत और पड़ोस कश्मीर बसें मंज़िलों पर पहुँचीं 21 अप्रैल, 2005 | भारत और पड़ोस रेल सेवा शुरू करने पर भारत-पाक राज़ी03 दिसंबर, 2004 | भारत और पड़ोस राजस्थान-सिंध को जोड़ने पर बातचीत02 दिसंबर, 2004 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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