|
रेल सेवा शुरू करने पर भारत-पाक राज़ी | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत और पाकिस्तान राजस्थान और सिंध के बीच रेल संपर्क बहाल करने पर सिद्धांत रूप में सहमत हो गए हैं. दोनों देशों के अधिकारियों के बीच पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में दो दिनों तक चली बातचीत के बाद एक संयुक्त बयान जारी किया गया जिसमें यह घोषणा की गई. इस बैठक में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व किया रेल अधिकारी एलआर थापर ने जबकि पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल के नेता थे रेलवे सचिव ज़ईम अहमद चौधरी. राजस्थान के मुनाबाओ और सिंध के खोखरापार के बीच 40 साल पहले रेल संपर्क ख़त्म हो गया था जब 1965 में दोनों देशों के बीच लड़ाई चल रही थी. समयसीमा भारत का कहा है कि रेल सेवा अगेल साल अक्तूबर तक शुरू हो जाएगी. लेकिन पाकिस्तान के एक रेलवे अधिकारी ज़ईम चौधरी का कहना है कि इस मामले में कोई समयसीमा निर्धारित करना ठीक नहीं. उन्होंने बताया कि रेल सेवा शुरू करने के लिए बहुत काम बाक़ी है. दोनों देशों के बीच मुनाबाओ और खोखरापार के बीच रेल सेवा शुरू करने पर सहमति को रिश्ते सुधारने की दिशा में एक और बड़ा क़दम माना जा रहा है. इस साल मार्च में दोनो देशों के बीच वाघा के अलावा एक और सड़क या रेल संपर्क बहाल करने पर सहमति हो गई है. इसके बाद पिछले महीने दोनो देशों के रेल मंत्रियों के बीच तय हुआ कि रेल सेवा अगले साल अक्तूबर तक शुरु की जाएगी. राजस्थान में मुनाबाओ और सिंध में खोखरापार के बीच रेल संपर्क 1965 में टूट गया था. दोनों स्थानों के बीच रेल सेवा जारी न रहने के कारण रेल पटरियों की हालत बहुत ख़राब है और इसे शुरू करने के लिए नए सिरे से काम करना होगा. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||