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'कन्या भ्रूण हत्या' मामले में गिरफ़्तार | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
हरियाणा पुलिस ने गुडगाँव के एक क्लीनिक के मालिक को 'कन्या भ्रूण हत्या' के मामले में गिरफ़्तार किया है. पुलिस ने उनके क्लीनिक पर छापा मारा और उन्हें गिरफ़्तार कर लिया. अधिकारियों का कहना है कि उनके क्लीनिक के नजदीक स्थित एक कुएँ से कई भ्रूण पाए गए हैं. पुलिस का कहना है कि क्लीनिक के मालिक डॉक्टर ए के सिंह को विभिन्न धाराओं के तहत गिरफ़्तार किया गया है. हालांकि उनके बेटे सोनू ने रॉयटर समाचार एजेंसी से बातचीत में उन्हें निर्दोष बताया और कहा कि यह राजनीति से प्रेरित है. गुडगाँव के मुख्य चिकित्सा अधिकारी एस एस दलाल ने बीबीसी को बताया कि इस नर्सिग होम के ख़िलाफ़ लिखित शिकायत मिली थी कि वहाँ ग़ैरक़ानूनी तरीके से गर्भपात हो रहा है. इसके बाद वहाँ छापा मारा गया. डॉक्टर दलाल का कहना था,'' हमें वहाँ कई भ्रूण अवशेष मिले हैं जिन्हें जाँच के लिए भेजा गया है.'' उनका कहना था,'' डॉक्टर एके सिंह प्रशिक्षित डॉक्टर नहीं हैं और हमें संदेह है कि वो अपनी पत्नी की मदद से गर्भपात करवाते थे जो एक प्रशिक्षित नर्स हैं.'' भ्रूण हत्या के मामले एक रिपोर्ट के अनुसार अनुसार भारत में पिछले 20 वर्षों में क़रीब एक करोड़ लड़कियों को जन्म से पहले ही मार डाला गया या फिर पैदाइश के छह वर्षों के अंदर ही उनको मौत के मुँह में धकेल दिया गया. जन्म से पहले लड़कियों को मारने की प्रथा भारत में महिलाओं और पुरुषों के बीच भेदभाव यानी माँ के गर्भ में बच्चे की लैंगिक जाँच कराने की तकनीक आने के साथ ही आरंभ हो गई थी. सरकार ने एक क़ानून पारित कर भ्रूण परीक्षण पर प्रतिबंध लगा दिया है लेकिन इस क़ानून पर प्रभावी रूप से अमल अब तक नहीं हो पा रहा है. वर्ष 2001 में हुई जनगणना के अनुसार भारत में एक हज़ार पुरुषों के अनुपात में औसतन 927 महिलाएँ ही हैं. ये अनुपात 1991 की जनगणना में 945 था. हरियाणा में इस मामले में सबसे बुरी स्थिति में है और वहाँ प्रति हज़ार पुरुषों के अनुपात में लगभग 860 महिलाएँ ही हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें 'भारत में एक करोड़ कन्या भ्रूण हत्याएँ'09 जनवरी, 2006 | भारत और पड़ोस 'पंजाब की जनता कन्या भ्रूण हत्या रोके'23 सितंबर, 2005 | भारत और पड़ोस इकलौती लड़की होने पर एक लाख10 मार्च, 2005 | भारत और पड़ोस 'लड़की करेला, लड़का लड्डू'14 जून, 2004 | भारत और पड़ोस भारत में कन्या भ्रूण हत्या:एक अभिशाप28 अप्रैल, 2004 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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