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कश्मीर में एक सैनिक को मौत की सज़ा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत प्रशासित कश्मीर की एक सैनिक अदालत ने सिपाही सत्यम कुमार को अपने एक साथी की हत्या के मामले में मौत की सज़ा सुनाई है. ये घटना पिछले साल की है जब भारत प्रशासित कश्मीर के उधमपुर में सत्यम कुमार ने अपने एक साथी की गोली मार कर हत्या कर दी थी और एक अन्य को घायल कर दिया था. उधरपुर भारतीय सेना के उत्तरी कमान का मुख्यालय है. जम्मू में एक सैनिक प्रवक्ता लेफ़्टिनेंट कर्नल गोस्वामी ने बताया कि कोर्ट मार्शल में सिपाही सत्यम कुमार को मौत की सज़ा सुनाई गई है. उन्होंने बताया कि सैनिक अदालत ने तो 18 मई को ही सत्यम कुमार को मौत की सज़ा सुना दी है लेकिन अब रक्षा मंत्रालय ने भी इसे मंज़ूरी दे दी है. अपील सिपाही सत्यम कुमार इस फ़ैसले के ख़िलाफ़ उच्च न्यायालय में अपील कर सकते हैं. घटना पिछले साल 29 अक्तूबर की है जब हवलदार पद्मराजन के साथ झड़प के बाद सत्यम कुमार ने अपनी इन्सास राइफ़ल से उन पर गोली चला दी. इस घटना में एक अन्य सैनिक बलवान सिंह घायल हो गए. ये दूसरी बार है कि भारत प्रशासित कश्मीर में किसी सैनिक को सैनिक अदालत ने मौत की सज़ा सुनाई है. तीन महीने पहले ही एक सैनिक एससी बेहरा को अपने अधिकारी लेफ़्टिनेट साकेत सक्सेना की हत्या के मामले में मौत की सज़ा सुनाई गई थी. भारत प्रशासित कश्मीर में ऐसी घटनाएँ लगातार बढ़ी हैं जब सैनिक अपने साथी या अधिकारी की गोलीमार कर हत्या कर देते हैं. जानकारों का कहना है कि लंबे समय तक ख़राब स्थितियों में काम करने के कारण सैनिकों की मानसिक स्थिति ठीक नहीं रहती. | इससे जुड़ी ख़बरें 'भारत विरोधी नारे: सरकार जवाब देगी'29 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस जम्मू में 'तीन चरमपंथी मारे गए' 28 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस 'कश्मीर का हल उम्मीद से पहले संभव'27 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस 'भारत विरोधी बयान' पर हंगामा26 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस 'पाकिस्तान अपने वायदे पर अमल करे'24 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस 'फ़र्जी मुठभेड़' मामले में आरोप पत्र12 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस 'चरमपंथियों को वार्ता में शामिल करें'07 अप्रैल, 2007 | भारत और पड़ोस कश्मीर में सैन्य कटौती के लिए समितियाँ31 मार्च, 2007 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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