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पाकिस्तान ने दिया एक सशर्त प्रस्ताव | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पाकिस्तान ने कहा है कि अगर भारत विवादों के हल की दिशा में क़दम बढ़ाए तो उसे सड़क मार्ग से अफ़ग़ानिस्तान तक जाने के लिए गलियारा दिया जा सकता है. पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता तस्नीम असलम ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि विवादों के निबटारे में प्रगति होती है तो पाकिस्तान यह सुविधा उपलब्ध कराने के लिए अपने देश में जनमत तैयार करने की दिशा में बढ़ सकता है. तस्नीम असलम ने कहा कि भारत कराची बंदरगाह का इस्तेमाल अफ़ग़ानिस्तान और मध्य एशियाई देशों से व्यापार करने के लिए ट्रांजिट पोर्ट के तौर पर कर सकता है, पाकिस्तान इसका स्वागत करेगा. पाकिस्तानी प्रवक्ता ने कहा कि अफ़ग़ानिस्तान समुद्र से नहीं जुड़ा है इसलिए कराची पोर्ट के ज़रिए वह भारत से भी जुड़ सकता है. उन्होंने कहा कि सड़क मार्ग इस्तेमाल किए जाने से कई राजनीतिक और आर्थिक पेचीदगियाँ जुड़ी हैं लेकिन उन्हें समय के साथ सुलझाया जा सकता है. पाकिस्तानी प्रवक्ता ने कहा कि भारत और ईरान के बीच गैस पाइपलाइन के सवाल पर लगातार बातचीत जारी है. यह पाइपलाइन ईरान-अफ़ग़ानिस्तान और पाकिस्तान के रास्ते भारत पहुँचने वाली है और अधिकारी स्तर पर इस पर चर्चा जारी है. उन्होंने कहा कि यह सभी संबंधित देशों के हित में है इसलिए पाइपलाइन परियोजना को आगे बढ़ाया जाएगा. तस्नीम असलम ने कहा कि पाइपलाइन की बात आगे बढ़ रही है और अब तो गैस की क़ीमतें भी तय कर ली गई हैं. लगभग सात अरब डॉलर की लागत से 2600 किलोमीटर लंबी गैस पाइपलाइन बिछाने पर बातचीत वर्ष 1994 में शुरू हुई थी लेकिन किसी न किसी मुद्दे पर असहमति के कारण इस परियोजना के क्रियान्वयन में देरी हो रही है. शुरुआती बातचीत के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ने से इस परियोजना को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया. शांति वार्ता शुरू होने के बाद फरवरी 2004 में इस पर फिर बात शुरू हुई. भारत की ओर से इस पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया व्यक्त नहीं की गई है. | इससे जुड़ी ख़बरें 'मुद्दे सुलझाने के लिए अच्छा माहौल है'13 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस शांति प्रक्रिया को जारी रखने का संकल्प13 जनवरी, 2007 | भारत और पड़ोस 'राजनयिकों की आवाजाही प्रतिबंधित' 16 दिसंबर, 2006 | भारत और पड़ोस भारत-पाक विदेश मंत्रियों की मुलाक़ात25 नवंबर, 2006 | भारत और पड़ोस भारत-पाक विदेश सचिवों की बातचीत17 अक्तूबर, 2006 | भारत और पड़ोस आरोप-प्रत्यारोप से बढ़ा है अविश्वास02 अक्तूबर, 2006 | भारत और पड़ोस कश्मीर पर बात ज़रूरी:कसूरी16 सितंबर, 2006 | भारत और पड़ोस भारत-पाक के बीच आवागमन बढ़ा27 जून, 2006 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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