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अल्फ़ा करेगा गणतंत्र दिवस का बहिष्कार | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारत के असम राज्य में सक्रिय अलगावादी संगठना अल्फ़ा ने कहा है कि वह भारत सरकार के साथ आगे बातचीत नहीं करेगा. प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने हाल में अल्फ़ा के ग्यारह सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल से बातचीत की थी लेकिन उसके बाद दोनो पक्षों में कोई बातचीत नहीं हुई है. बातचीत आगे न बढ़ने के कारण अल्फ़ा निराशा है और उसका मानना है कि इस तरह की अनिश्चितता उसे स्वीकार नहीं. साथ ही अल्फ़ा ने भारत के पूर्वोत्तर राज्यों में सक्रीय तीन अन्य अलगाववादी संगठनों के साथ एक संयुक्त बयान में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस से संबंधित कार्यक्रमों का बहिष्कार करने और उस दिन आम हड़ताल का आह्वान किया है. अल्फ़ा के अलावा ये संगठन हैं त्रिपुरा का ऑल त्रिपुरा टाइगर फ़ोर्स, मणिपुर पीपुल्स लिबरेशन फ़्रंट और उत्तरी बंगाल में आदिवासी राज्य की माँग करने वाला कामतापुर लिबरेशन ऑर्गेनाइज़ेशन. इन संगठनों ने अपने संयुक्त बयान में कहा है कि भारत के गणतंत्र दिवस जैसे कार्यक्रम, उन्ही के शब्दों में - उस क्षेत्र में 'भारत के अवैध कब्ज़े' को और मज़बूत करने की भूमिका निभाते हैं. ये माना जा रहा था कि भारत की केंद्र सरकार के साथ बातचीत की शुरुआत के बाद अल्फ़ा इस गणतंत्र दिवास पर हिंसक गतिविधियों से दूर रहेगा. लेकिन शुक्रवार को अल्फ़ा के विद्रोहियों ने गुवाहाटी के पास नूनमाटी तेल कारखाने पर ग्रेनेड फेंके जिससे तीन लोग घायल हो गए. इस हफ़्ते में ये अल्फ़ा विद्रोहियों की ओर से की गई दूसरी हिंसक घटना है. अल्फ़ा के एक प्रवक्ता ने इस बात की पुष्टि की है कि उसने सरकारी तेल कंपनी ओएनजीसी से माँग की है कि यदि ओएनजीसी असम में अपना व्यवसाय जारी रखना चाहती है तो वह उसे पाँच अरब रुपए दे. उधर बर्मा की सीमा के साथ लगते चुड़ाचाँदपुर ज़िले में मणिपुर पीपुल्स लिबरेशन फ़्रंट और सुरक्षा बलों के बीच हुई झड़प में चार विद्रोही और दो सैनिक मारे गए हैं. | इससे जुड़ी ख़बरें असम में हुई झड़पों में 34 की मौत18 अक्तूबर, 2005 | भारत और पड़ोस उल्फ़ा के साथ बातचीत 24 अक्तूबर को05 अक्तूबर, 2005 | भारत और पड़ोस असम में बंद से जनजीवन प्रभावित08 सितंबर, 2005 | भारत और पड़ोस असम का विवादास्पद क़ानून निरस्त 12 जुलाई, 2005 | भारत और पड़ोस असम में कई धमाके, एक की मौत14 दिसंबर, 2004 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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