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नटवर ने इस्तीफ़ा न देने की बात दोहराई | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
वोल्कर रिपोर्ट पर हर दिन गहराते विवाद के बीच नटवर सिंह ने दोहराया है कि वे मंत्रिमंडल से इस्तीफ़ा नहीं देंगे. इस बीत युवक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने इस बात का खंडन कर दिया है कि युवक कांग्रेस का कोई प्रतिनिधिमंडल इराक़ गया था. और इसके बाद अपना बयान बदलते हुए नटवर सिंह के बेटे जगत सिंह ने भी कहा है कि वे युवक कांग्रेस के प्रतिनिधि के रुप में इराक़ नहीं गए थे. और नटवर सिंह ने भी इसी बात को दोहराया है. उल्लेखनीय है कि इराक़ में 'तेल के बदले अनाज' योजना में गड़बड़ियों की जाँच कर रही वोल्कर समिति ने कांग्रेस पार्टी और नटवर सिंह को भी लाभ पाने वालों की सूची में रखा है. इस रिपोर्ट के ज़ाहिर होने के बाद से राजनीतिक हलचल मची हुई है और विपक्ष के दबाव में सरकार को न केवल न्यायिक जाँच की घोषणा करनी पड़ी है बल्कि नटवर सिंह को विदेश मंत्री के पद से हटाकर बिना विभाग का मंत्री बनाना पड़ा है. नटवर का बयान अपने निवास पर जारी एक बयान में नटवर सिंह ने कहा है, "इस बात के कयास काफ़ी समय से लगाए जा रहे हैं कि वे इस्तीफ़ा क्यों नहीं दे रहे हैं. ऐसा इसलिए नहीं हो रहा कि मुझे पद से कोई बड़ा लगाव है बल्कि इसलिए क्योंकि मुझे लगता है कि इससे ये संदेश जाएगा कि मैं अपना दोष स्वीकार कर रहा हूँ." उन्होंने कहा, "मैं किसी ग़लत कार्य का दोषी नहीं हूँ, न तो क़ॉनूनी रुप से और न ही नैतिक रुप से. इसलिए मैं कोई बलिदान नहीं दूँगा." नटवर सिंह ने अपने लिखित बयान में कहा है कि उन्हें इस बात का अहसास है कि यदि वे इस्तीफ़ा दे भी देंगे तो भी यह विवाद ख़त्म नहीं होगा क्योंकि इसके बाद विपक्ष मेरे इस्तीफ़े को आधार बनाकर कांग्रेस की प्रतिष्ठा नष्ट करेगा. उन्होंन कहा है कि वे ऐसा नहीं होने देंगे. नटवर सिंह ने कहा है, "आरोप लगाए जा रहे हैं कि मैंने अपने बेटे जगत और (अंदलीब) सहगल का नाम प्रतिनिधि मंडल में जुड़वाया. लेकिन यह सही नहीं है." उन्होंने प्रतिनिधि मंडल के सदस्यों शिवशंकर, एआर अंतुले, अनिल मथेरानी का नाम गिनाते हुए कहा है कि सबकी टिकट तो कांग्रेस ने ख़रीदी थी लेकिन जगत की टिकट कांग्रेस ने नहीं ख़रीदी थी. सुरजेवाला ने कहा इससे पहले युवक कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष रणदीप सिंह सुरजेवाला ने साफ़ कर दिया है कि जिस समय नटवर सिंह कांग्रेस का प्रतिनिधि मंडल लेकर इराक़ गए थे उस समय युवक कांग्रेस का कोई प्रतिनिधि मंडल इराक़ नहीं गया था. रणदीप सिंह सुरजेवाला ने बीबीसी से हुई बातचीत में कहा कि नटवर सिंह के पुत्र जगत सिंह व्यक्तिगत रुप से इराक़ गए थे या नहीं यह उनकी जानकारी में नहीं है. उन्होंने कहा कि किसी भी व्यक्ति को यह अधिकार होता है कि वह व्यक्तिगत रुप से कहीं जा सके लेकिन वे नहीं कह सकते कि जगत सिंह कभी इराक़ गए थे या नहीं. जगत ने बदला बयान सुरजेवाला का बयान आने के बाद नटवर सिंह के बेटे जगत सिंह ने भी अपना बयान बदलते हुए कहा कि वे व्यक्तिगत हैसियत से ही इराक़ गए थे. अब जगत सिंह कह रहे हैं कि जिस समय वे इराक़ गए थे तो वे युवक कांग्रेस के महासचिव थे लेकिन सुरजेवाला का कहना सही है कि कोई प्रतिनिधिनमंडल इराक़ नहीं गया था. उन्होंने अब कहा, "मैंने कभी नहीं कहा कि मैं कभी किसी प्रतिनिधि मंडल में शामिल था." उल्लेखनीय है कि पहले जगत सिंह ने कहा था कि वे युवक कांग्रेस के तत्कालीन अध्यक्ष रणदीप सिंह सुरजेवाला की अनुमति से गए थे. और कांग्रेस विदेश विभाग में नटवर सिंह के सहायक रहे चुके अनिल मथेरानी ने एक पत्रिका को दिए साक्षात्कार में कहा है कि नटवर सिंह ने जगत सिंह को अपने साथ युवक कांग्रेस के प्रतिनिधि मंडल के रुप में पेश किया. | इससे जुड़ी ख़बरें 'युवक कांग्रेस से कोई इराक़ नहीं गया'04 दिसंबर, 2005 | भारत और पड़ोस अटकलों के बीच नटवर प्रधानमंत्री से मिले03 दिसंबर, 2005 | भारत और पड़ोस राजदूत के 'बयान' पर संसद में हंगामा02 दिसंबर, 2005 | भारत और पड़ोस अनिल मथरानी बयान से मुकरे02 दिसंबर, 2005 | भारत और पड़ोस मामले की तह तक जाएँगे: प्रधानमंत्री 08 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस वोल्कर मामले की न्यायिक जाँच घोषित07 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस नटवर पर गिरी गाज, विदेश मंत्रालय छिना07 नवंबर, 2005 | भारत और पड़ोस नटवर सिंह ने आरोपों का खंडन किया29 अक्तूबर, 2005 | भारत और पड़ोस | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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