|
पाकिस्तान में बाढ़ और हिमपात,350 मरे | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पाकिस्तान में बाढ़ और हिमस्खलन के कारण मरने वालों की संख्या बढ़कर 350 हो गई है. इनमें से 200 लोग दक्षिणी प्रांत बलूचिस्तान में बाँध टूटने के कारण आई बाढ़ में मारे गए. जबकि पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर, सूबा-ए-सरहद और उत्तरी इलाक़ों में हिमस्खलन के कारण क़रीब डेढ़ सौ लोगों की मौत हो गई. सैकड़ों अभी भी लापता हैं. पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में भारी बारिश से एक के बाद एक दो बांध टूट गए जिसके कारण हज़ारों लोग प्रभावित हुए हैं. अधिकारियों का कहना है कि अभी भी सैकड़ों लोग लापता हैं. बारिश के कारण राहत और बचाव कार्य में अभी भी मुश्किलें आ रही हैं. बलूचिस्तान के गवर्नर ओवैस अहमद ग़नी ने बताया कि इलाक़े को नौ-सैनिकों के हवाले कर दिया गया और वे अपनी ओर से राहत कार्य ज़ोर-शोर से चला रहे हैं. उन्होंने बताया कि सरकार प्रभावित इलाक़ों में टेंट और खाद्यान्न सामग्री बाँट रही है. इस बीच प्रभावित इलाक़ों में सड़क संपर्क फिर से शुरू करने की कोशिश भी की जा रही है. अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती मुश्किलों के बाद अब वायु सेना के हेलिकॉप्टर भी राहत कार्य में लगे हैं. दूसरी ओर पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर, सूबा-ए-सरहद और कुछ उत्तरी इलाक़ों में हिमस्खलन और भूस्खलन के कारण क़रीब 150 लोग मारे गए हैं. पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर की राजधानी मुज़फ़्फ़राबाद से क़रीब 160 किलोमीटर दूर नीलम घाटी में कई लोग मारे गए हैं. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||