| गोली आठ साल से सिर में धँसी हुई है | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
तेरह साल की एक अफ़ग़ान लड़की के सिर में पिछले आठ साल से एक गोली धँसी हुई है लेकिन अब उसे ऑपरेशन के लिए जापान ले जाया गया है. फ़ातिमा सफ़र नाम की इस लड़की के परिवार वालों का कहना है कि जब तालेबान ने अफ़ग़ानिस्तान पर क़ब्ज़ा किया तभी गोलीबारी के दौरान उसके सिर में गोली लगी थी. डॉक्टरों का कहना है कि तीन सेंटीमीटर की यह गोली फ़ातिमा के सिर में नाक के ऊपर धँसी हुई है. इस साल मई में एक एक्सरे के बाद इसका पता चला. इस इलाज में सहायता कर रही सामाजिक संस्था 'एड फॉर वॉर ऑर्फन्स' का कहना है कि गोली धीरे-धीरे नष्ट हो रही है और यदि इसे नहीं निकाला गया तो बच्ची की जान भी जा सकती है. फ़ातिमा को अस्पताल में भर्ती कर दिया गया है और जल्दी ही उनका ऑपरेशन किया जाएगा. 'एड फॉर वॉर ऑर्फन्स' संस्था का कहना है कि जब से फ़ातिमा को गोली लगी है उन्हें सिर में लगातार दर्द होता है और बाईं आँख से दिखाई देना भी बंद हो गया है. हालाँकि ऐसी कम ही संभावना है कि ऑपरेशन के बाद उनकी दृष्टि लौट आएगी. संस्था के अनुसार फ़ातिमा ने अपने इलाज के लिए आभार जताया है. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||