| उमा भारती ने वेंकैया को इस्तीफ़ा सौंपा | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मध्यप्रदेश की मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी की नेता उमा भारती ने अपने पद से त्यागपत्र देने की पेशकश की है. उमा भारती ने सोनिया गाँधी के प्रधानमंत्री बनने की संभावना के विरोध में यह फ़ैसला करते हुए अपना इस्तीफ़ा पार्टी अध्यक्ष वेंकैया नायडू को सौंप दिया है. नई दिल्ली में अपने फ़ैसले की घोषणा करते हुए उमा भारती ने कहा कि वे सोनिया गाँधी के प्रधानमंत्री बनने की संभावना के कारण ये क़दम उठा रही हैं. उमा भारती ने कहा कि वे इस्तीफ़ा इसलिए दे रही हैं ताकि वे इसके ख़िलाफ़ एक देशव्यापी आंदोलन छेड़ सकें. भाजपा प्रवक्ता प्रकाश जावड़ेकर ने इसकी पुष्टि करते हुए समाचार एजेंसी एएफ़पी को बताया, "उमा भारती ने अपना इस्तीफ़ा पार्टी अध्यक्ष वेंकैया नायडू को सौंप दिया है." उमा भारती के पहले भाजपा की एक और नेता और राज्यसभा सदस्य सुषमा स्वराज ने घोषणा की है कि अगर सोनिया गाँधी प्रधानमंत्री बनीं तो वे राज्यसभा से त्यागपत्र दे देंगी. उनके साथ-साथ उनके पति और राज्यसभा सदस्य स्वराज कौशल ने भी ऐसी ही घोषणा की थी. विदेशी मूल के व्यक्ति के प्रधानमंत्री बनने का विरोध करते हुए राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन ने भी घोषणा की है कि अटल बिहारी वाजपेयी को छोड़कर गठबंधन का कोई भी नेता उनके शपथ ग्रहण समारोह में नहीं जाएगा. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||