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शुक्रवार, 16 अप्रैल, 2004 को 14:16 GMT तक के समाचार
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प्रधानमंत्री भारतीय मूल का होः वरूण

वरूण गाँधी और उनकी माँ मेनका गाँधी
वरूण गाँधी भाजपा के लिए प्रचार कर रहे हैं
नेहरू-गाँधी परिवार के वारिस और संजय गांधी के पुत्र, वरुण गांधी ने कहा कि विदेशी मूल का सवाल पूरे देश के लिए एक भावनात्मक मुद्दा है.

उन्होंने कहा कि "भारत का प्रधानमंत्री भारतीय मूल के ही किसी व्यक्ति को होना चाहिए."

बीबीसी से बातचीत में उन्होंने कहा, "सोनिया गांधी ही नहीं, कोई भी हो, यह एक व्यक्तिगत आरोप नहीं है, यह तो एक तकनीकी मामला है."

वरुण ने बताया, "जनसेवा और देशभक्ति मुझे विरासत में मिली है. जो दल उस विरासत को ठीक तरीके से सींच रहा हो, उस दल के लिए मेरे दिल में जगह है और इसलिए मैं भाजपा के साथ आया."

उनके मुताबिक यह कहना हास्यास्पद है कि कांग्रेस सरकार बना पाएगी. उन्होंने कहा कि कांग्रेस को 100 सीटें मिल पाना भी मुश्किल है.

जब उनसे पूछा गया कि उन पर उपने परिवार में से किसका प्रभाव है, वरुण ने बताया, "जब मेरे पिता का निधन हुआ तो मेरी उम्र मात्र सौ दिन की थी. मुझ पर मेरी माँ का असर ज़्यादा है क्योंकि सारा समय मैंने माँ के साथ ही गुजारा है और मैं भी उनकी तरह काम करना चाहूंगा."

"इन्सान की याद उसके शरीर से नहीं होती, उसकी सोच से सीखा जाता है और वो तो आज भी मेरे साथ हैं."

'नौजवान आएँ'

यह पूछे जाने पर कि क्या वरूण गांधी, राहुल गांधी, सचिन पायलट और ज्योतिरादित्य सिंधिया जैसे युवाओं का राजनीति में आना उचित है, उन्होंने कहा कि यह अच्छा शगुन है और अधिक युवाओं को आगे आना ही चाहिए.

 सोनिया गांधी ही नहीं, कोई भी हो, यह एक व्यक्तिगत आरोप नहीं है, यह तो एक तकनीकी मामला है
वरूण गाँधी

राजनीति में व्यक्तिगत आरोपों को उन्होंने बहुत गलत और दुःखद बताया. उन्होंने कहा, "राजनीति एक स्तर तक हो, उससे निचले स्तर की राजनीति नहीं होनी चाहिए. व्यक्तिगत रूप से आरोप-प्रत्यारोप न लगें तो अच्छा है."

उन्होंने कहा कि "विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र में अनेक राजनीतिक विचारधाराएँ हो सकती हैं लेकिन इसका यह मतलब नहीं है कि नफरत हो."

"मतभेद हों, विचारों के टकराव हो, आपसी खींचातानी भी हो लेकिन नफरत और दुश्मनी के लिए राजनीति में कोई जगह नहीं है."

उन्होंने बताया कि उनकी राहुल गाँधी से बातचीत होती है, वे उनके बड़े भाई हैं और उनमें एक दूसरे के प्रति सम्मान है.

वरुण ने अपने भाई के बारे में कहा, "हम लोग बेशक अलग-अलग दल में हैं लेकिन इसका यह मतलब नहीं है कि हमारे दिल भी अलग हैं."

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