|
तेल की क़ीमतों में रिकॉर्ड उछाल | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
बुधवार को अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में तेल की क़ीमतें अपनी पिछली रिकॉर्ड तेज़ी को पार कर 129 डॉलर के आसपास पहुंच गई हैं. वहीं दूसरी तरफ़ तेल निर्यात करने वाले देशों के संगठन, ओपेक, ने डॉलर की गिरती क़ीमत के चलते तेल की बढ़ती मांग के बावजूद आपूर्ति बढ़ाने से मना कर दिया है. न्यूयॉर्क वायदा बाज़ार में जुलाई माह के लिए कच्चे तेल की बोली 129 डॉलर प्रति बैरल की दर से लगाई गई. वहीं जून माह के लिए ये भाव 129 डॉलर से भी अधिक रहा. ऑस्ट्रेलिया और न्यूज़ीलैंड बैंक के वरिष्ठ कमोडिटी विश्लेषक, मार्क पेरवॉन, के मुताबिक़ "डॉलर की क़ीमत कम होने से निवेशक हानि से बचने के लिए दूसरे सौदे कर रहे हैं." क़ीमतों में रिकॉर्ड तेज़ी और बढ़ती मांग बढ़ने के बाद भी ओपेक ने आपूर्ति नहीं बढ़ाने के साफ़ संकेत दिए हैं. ओपेक का इनकार ओपेक के महासचिव अब्दुल्ला-अल-बदरी ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, "अगर डॉलर की यही हालत रही तो तेल के दाम बढ़ना अपरिहार्य है. ये एक 'ग़ैर मार्केट' कारक है और ओपेक तब तक कुछ नहीं करेगा जब तक कि मूल बाज़ार में इसकी ज़रूरत न हो." ऊर्जा विश्लेषकों का कहना है कि ओपेक का आपूर्ति स्थायी रखने का फ़ैसला क़ीमतों की तेज़ी रोकने में मददगार हो सकता है. उनके मुताबिक़ धीमी अमरीकी अर्थव्यवस्था और ऊर्जा की लचीली वैश्विक मांग ने अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में तेल की क़ीमते बढ़ाई हैं. चीन में तेल की मांग बढ़ रही है लेकिन आपूर्ति पूर्व स्तर पर है. चीन ईंधन खपत के मामले में दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा उपभोक्ता देश है और वहाँ माँग लगातार बढ़ रही है. इससे भी क़ीमतें बढ़ी हैं. अमरीकी संसद के निचले सदन हाउस ऑफ़ रिप्रेजेंटेटिव के सदस्यों ने मंगलवार को एक क़ानून पास कर न्याय विभाग को ये अधिकार दिया कि आपूर्ति सीमित करने पर वो ओपेक सदस्यों पर क़ानूनी कार्रवाई करे. लेकिन व्हाइट हाऊस ने इसपर ' वीटो' की धमकी दी है. उसका तर्क है कि ऐसा करने से अमरीका के उन देशों के साथ संबंधो पर इसका सीधा असर पड़ेगा. | इससे जुड़ी ख़बरें अमरीका की नज़र खाड़ी के तेल पर थी01 जनवरी, 2004 | पहला पन्ना दुनिया में घटता तेल और बढ़ता तनाव01 जून, 2004 | पहला पन्ना तेल की कीमत पर भी कैटरिना का असर29 अगस्त, 2005 | पहला पन्ना वीडियोः ब्रिटेन में तेल डिपो में आग11 दिसंबर, 2005 | पहला पन्ना बग़दाद में पेट्रोल के लिए कतारें12 मई, 2003 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||