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अफ़ग़ानिस्तान में 40 चरमपंथी मारे गए | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
पुलिस का कहना है कि दक्षिणी अफ़ग़ानिस्तान में अंतरराष्ट्रीय सेना और अफ़ग़ान सुरक्षाकर्मियों के साथ मुठभेड़ में लगभग 40 चरमपंथी मारे गए हैं. अंतरराष्ट्रीय सेना और अफ़ग़ान सुरक्षाकर्मियों के साझा अभियान में हेलमंद प्रांत में चरमपंथियों के दो ठिकानों को निशाना बनाया गया. दोनों अभियानों में अंतरराष्ट्रीय सेना को नुकसान पहुँचने की कोई ख़बर नहीं है. हालाँकि विद्रोहियों की मौतों की अभी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है. यह भी स्पष्ट नहीं है कि अभियान में अमरीकी नेतृत्व वाली गठबंधन सेना ने हिस्सा लिया या उत्तरी अटलांटिक संधि संगठन यानी नैटो की सेना ने. हाल के दिनों में अफ़ग़ानिस्तान के हेलमंद प्रांत में नैटो और अफ़गानी सेना के साथ तालेबान और उनके सहयोगी विद्रोहियों के बीच ज़बर्दस्त संघर्ष हुए हैं. हेलमंद प्रांत के अधिकारियों ने बताया कि ये अभियान जेरेश्क शहर और हेलमंद की राजधानी लश्कर गाह से शुरु किए गए. जेरेश्क ज़िला पुलिस के प्रमुख हबीबुल्ला ख़ान ने न्यूज एजेंसी एएफपी को बताया कि कि सैनिकों ने तालेबान की ज़मीन पर भी कब्जा किया है. अभियान हेलमंद के पुलिस प्रमुख इसाऊ ख़ान ने बताया, "तालेबान विरोधी साझा अभियान में लगभग 40 चरमपंथी मारे गए और 10 गिरफ़्तार हुए हैं." नैटो के एक प्रवक्ता ने बताया कि उन्हें ऐसे किसी अभियान में नैटो सैनिकों के शामिल होने के बारे में कोई जानकारी नहीं है. अमरीकी सेना का कोई अधिकारी इस घटना पर प्रतिक्रिया देने के लिए उपलब्ध नहीं था.
गुरुवार को ही अमरीकी नेतृत्व वाली सेना ने बताया कि उन्होंने जेरेश्क के निकट दो लोगों को हिरासत में लिया है जिनपर इस इलाक़े में सरकार विरोधी कार्यों में शामिल होने का संदेह था. पूर्वी प्रांत कुनार में भी पाँच संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया गया है. वर्ष 2001 में तालेबान के पतन के बाद से हाल के दिनों में हेलमंद, कंधार और देश के पूर्वी हिस्सों में हिंसा का दौर शुरु हो गया है. पिछले वर्ष इस संघर्ष में क़रीब चार हज़ार लोग मारे गए थे जिनमें से एक चौथाई आम नागरिक थे. इस महीने की शुरुआत में नैटो और अफ़गान सेना ने देश के दक्षिणी हिस्से में तालेबान के खिलाफ अब तक का सबसे बड़ा अभियान शुरु किया. गठबंधन सेना का कहना है कि 'ऑपरेशन एशिल्स' नाम के इस अभियान में नैटो के साढ़े चार हज़ार से अधिक सैनिक और हेलमंद प्रांत में तैनात करीब एक हज़ार अफ़गान सैनिक भाग लेंगे. | इससे जुड़ी ख़बरें हेलमंद में और सैनिक भेजेगा ब्रिटेन10 जुलाई, 2006 | पहला पन्ना अमरीका ने रिज़र्व मरीन सैनिक बुलाए23 अगस्त, 2006 | पहला पन्ना पाकिस्तान: मुशर्रफ़ सरकार की मुश्किलें09 सितंबर, 2006 | पहला पन्ना अफ़ग़ानिस्तान में नाकाम रही रणनीति 09 सितंबर, 2006 | पहला पन्ना पोलैंड नैटो को एक हज़ार सैनिक और देगा14 सितंबर, 2006 | पहला पन्ना अफ़ग़ानिस्तान को 'अतिरिक्त सहायता'26 जनवरी, 2007 | पहला पन्ना | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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