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'ईरान की अर्थव्यवस्था पर असर पड़ेगा' | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका ने कहा है कि अगर ईरान ने अपना परमाणु कार्यक्रम बंद नहीं किया तो उसकी अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुँचेगा. अमरीकी विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस ने कहा कि वित्तीय संस्थान ईरान छोड़ कर जाने लगे हैं. उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि ईरान में तेल और गैस के महत्वपूर्ण क्षेत्रों में विदेशी निवेश जल्दी ही बंद हो सकता है. अमरीकी विदेश मंत्री का कहना है कि अगर ईरान अपना परमाणु कार्यक्रम त्याग दे तो वो ख़ुद ईरान और अमरीका के बीच उच्चस्तरीय संबंध दोबारा स्थापित कराएँगी. इससे पहले ईरान के राष्ट्रपति ने कहा था कि परमाणु कार्यक्रम से पीछे हटने का सवाल ही पैदा नहीं होता. परमाणु कार्यक्रम के बारे में उन्होंने कहा, "यह एक ऐसी रेलगाड़ी है जिसमें न तो ब्रेक है और न ही रिवर्स गियर." उनका यह बयान ऐसे समय पर आया है जबकि दुनिया की प्रमुख शक्तियाँ ईरान के ख़िलाफ़ की जाने वाली कार्रवाई पर विचार करने जा रही हैं. धमकी ईरानी उप राष्ट्रपति मनोशेर मोहम्मदी ने कहा है कि परमाणु कार्यक्रम को जारी रखने के लिए उनका देश किसी भी हद तक जाने के लिए तैयार है, "युद्ध के लिए भी."
ईरानी राष्ट्रपति के भाषण पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए अमरीकी विदेश मंत्री कॉन्डोलिज़ा राइस ने कहा है कि ईरान को रिवर्स गियर की नहीं बल्कि 'स्टॉप' का बटन दबाने की ज़रूरत है. अमरीकी विदेश मंत्री ने कहा कि अगर ईरान यूरेनियम संवर्धन रोक देता है तो वे ईरानी अधिकारियों से मिलकर बातचीत करने को तैयार हैं. इससे पहले अमरीकी उप राष्ट्रपति डिक चेनी ने ईरान को चेतावनी दी थी कि अगर वह पश्चिमी देशों की माँग की अनदेखी जारी रखता है तो उसके ख़िलाफ़ सैनिक शक्ति के प्रयोग का विकल्प खुला है. इस बीच पाकिस्तान में सात मुस्लिम देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद जारी किए गए बयान में कहा गया है कि इस गंभीर टकराव का हल कूटनीतिक तरीक़े से निकाला जाए. | इससे जुड़ी ख़बरें राष्ट्रपति बुश ने ईरान पर दबाव बढ़ाया14 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना 'ब्रेक और रिवर्स गियर नहीं है' 25 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना अहमदीनेजाद परमाणु कार्यक्रम पर अड़े23 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना ईरान पर प्रतिबंध सख़्त होने की संभावना22 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना 'बुश प्रशासन ईरान मुद्दे पर सतर्कता बरते'12 फ़रवरी, 2007 | पहला पन्ना | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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