|
इराक़ में हिंसा का दौर जारी, 26 मरे | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इराक़ की राजधानी बग़दाद में चरमपंथी हमले में कम से कम 26 लोग मारे गए हैं. मरने वालों में कई पुलिसकर्मी शामिल हैं. अमरीकी हमले के बाद से बुधवार इराक़ के लिए सबसे रक्तरंजित दिन रहा था. विभिन्न हमलों में बुधवार को कम से कम 182 लोग मारे गए थे. हिंसा की लहर गुरूवार को भी जारी रही. गुरुवार को पहला हमला राजधानी के दउरा इलाक़े में हुआ. वहाँ एक पुलिस गश्ती दल पर हुए हमले में 16 लोग मारे गए जिनमें से ज़्यादातर पुलिसकर्मी थे. एक आत्मघाती हमलावर ने कार बम का हमला करके यह हमला किया. इसके कुछ ही घंटे बाद उसी इलाक़े में विशेष इराक़ी सुरक्षा बल के जवानों को निशाना बनाकर चरमपंथियों ने दो बम धमाके किए. माना जाता है कि पहले हमले के बाद इन सुरक्षाकर्मियों को उस इलाक़े में बुलाया गया था. इन धमाकों के बाद सुरक्षाबलों और चरमपंथियों के बीच गोलीबारी भी हुई. गुरूवार को उत्तरी शहर किरकुक में भी दो पुलिसकर्मी एक चरमपंथी हमले में मारे गए. धमकी बग़दाद से बीबीसी संवाददाता कैरोलीन हॉली के अनुसार चरमपंथी ख़ून-ख़राबा जारी रखने की अपनी धमकी पर काम करते दिख रहे हैं. उल्लेखनीय है कि इराक़ में अल-क़ायदा नामक एक संगठन के हवाले से एक वेबसाइट पर कहा गया था कि तल अफ़र में अमरीकी और इराक़ी सैनिकों की कार्रवाई के विरोध में चरमपंथी पूरे इराक़ में हिंसक कार्रवाई करेंगे. इस बीच इराक़ में अल-क़ायदा के नेता अबू मुसाब अल-ज़रक़ावी के कथित ऑडियो टेप में पूरे इराक़ में शियाओं के ख़िलाफ़ युद्ध का ऐलान किया गया है. हिंसा के ताज़ा दौर को देखते हुए सरकार ने जनता से एकजुटता बनाए रखने की अपील की है. |
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||