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काफ़ी खुला हुआ है ईरानी समाज | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
जैसे ही आपका विमान इमाम ख़ुमैनी हवाई अड्डे पर उतरता है– इसकी भव्यता आप का मन मोह लेती है. लेकिन देखकर बड़ा अजीब सा लगता है कि विमान तल पर सिर्फ एक ही विमान खड़ा हुआ है. तेहरान घाटी में बसा शहर है जिसके चारों ओर पहाड़ियाँ है. हालाँकि अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस है लेकिन इसके बावजूद पहाड़ों पर जाड़े के दौरान पड़ी बर्फ पिघली नहीं है और शहर के हर कोने से दिखाई देती है. ईरान की छवि बाहरी दुनिया में एक बंद समाज की है लेकिन इसके बावजूद मुख्य बाज़ारों और सड़कों पर लड़के और लड़कियाँ हाथ में हाथ डाले दिखाई दे जाते है. महिलाएँ बुरक़ा नहीं पहनती है सिर्फ सिर ढंकती है और अकसर सार्वजनिक स्थानों पर सिगरेट पीती मिल जाती है. ईरान में फलों की बहार है. जगह जगह पर चेरी, खरबूजे और स्ट्राबेरी बिकती है, वो भी काफ़ी सस्ती. ईरानी हमेशा अपने घर में फलों का भंडार रखते है. फ़ुटबॉल फ़ुटबॉल यहाँ का सबसे लोकप्रिय खेल है. राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार हाशमी रफ़संजानी ने भी फुटबॉल के प्रति अपने प्रेम का जिक्र कर युवाओं के वोट लेने की कोशिश की है. ईरान में इस ख़बर को बहुत तरजीह दी गई कि विश्व फ़ुटबाल में उसकी रैंकिंग पूर्व विश्व चैम्पियन जर्मनी से पाँच पायदान ऊपर है. ईरान में अंग्रेज़ी भाषा के सिर्फ तीन अख़बार है– तेहरान टाइम्स, ईरान न्यूज़ और ईरान डेली. मज़े की बात ये है कि यहाँ शुक्रवार को अख़बार नहीं छपते क्यों कि ये दिन छुट्टी का होता है. ईरान में जो भी व्यक्ति आप से मिलता है वो भारत जाने की इच्छा ज़रुर प्रकट करता है. यहाँ पर महात्मा गांधी के नाम पर एक सड़क भी है. कालीनों के लिए दुनिया भर में मशहूर ईरान में इनके दाम सस्ते नहीं है और फिर तुर्रा ये कि हर व्यक्ति को यहाँ से सिर्फ एक कालीन ले जाने की छूट होती है. अगर आप दूसरा कालीन ईरान के बाहर ले जाते है तो उस पर आपको निर्यात कर देना होता है. |
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