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ब्रिटेन को सेना में चाहिए मुसलमान | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
ब्रिटेन की सेना के प्रमुख ने मुसलमानों से सेना में और अधिक संख्या में भर्ती होने की अपील की है जिससे कि सेना आधुनिक ब्रिटेन की तस्वीर पेश कर सके. सेना प्रमुख जनरल सर माइकल वॉकर ने मुस्लिम नेताओं के समक्ष भाषण देते हुए सेना में अच्छी ट्रेनिंग और संतुष्टि देने वाले करियर का आश्वासन दिया है. लंदन के मुस्लिम काउंसिल ऑफ़ ब्रिटेन (एमसीबी) में उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि सेना में वैसी ही धार्मिक, सांस्कृतिक और जातीय विविधता दिखाई दे जैसी ब्रिटिश समाज में दिखाई देती है. इस समय ब्रिटेन की पौने तीन लाख की सेना में 300 मुसलमान हैं जो आनुपातिक रुप से काफ़ी कम हैं. उन्होंने काउंसिल की तारीफ़ करते हुए कहा कि उसने ब्रिटिश समाज में मुसलमानों के प्रति समझ और जानकारी को बढ़ाने में सहायता की है. जनरल इस एमसीबी में यह आश्वासन देने ही गए थे कि रक्षा मंत्रालय सेना में मुसलमानों की भर्ती को लेकर गंभीर है. उल्लेखनीय है कि इस समय ब्रिटिश समाज में कई मुसलमान मानते हैं कि इस्लामिक चरपंथियों से लड़ रहे जूझ रहे सुरक्षाकर्मियों का व्यवहार आम मुसलमानों के साथ भी ठीक नहीं होता. एमसीबी के महासचिव इक़बाल सेक्रैनी ने सेना की इस पहल का स्वागत करते हुए कहा है कि एमसीबी चाहता है कि मुसलमानों की भागीदारी ब्रिटिश समाज के दूसरे हिस्सों में भी बढ़े. |
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