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फ़लूजा में अब भी लड़ रहे हैं चरमपंथी | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
इराक़ के शहर फ़लूजा पर अमरीकी और इराक़ी सैनिकों के हमले के पाँचवें दिन भी वहाँ चरमपंथियों ने जगह-जगह मुक़ाबला किया है. अमरीकी सैनिकों के साथ मौजूद संवाददाताओं के अनुसार शहर के केंद्र और उत्तर-पूर्वी इलाक़े में चरमपंथी अब भी सक्रिय हैं. हालाँकि अमरीकी कमांडरों का कहना है कि फ़लूजा के 80 प्रतिशत हिस्से पर उनका क़ब्ज़ा हो चुका है. उनका कहना है कि बड़े संघर्ष की घटनाएँ आगे ज़्यादा दिन नहीं चलेंगी. अमरीकी सेना का अनुमान है कि सोमवार को शुरू हमले के बाद से फ़लूजा में कम से कम 600 चरमपंथी मारे जा चुके हैं. क़रीब 150 चरमपंथी गिरफ़्तार भी किए गए हैं, जिनमें 50 ग़ैर-इराक़ी हैं. भारी मात्रा में चरमपंथियों के हथियार भी पकड़े गए हैं. हताहत अमरीकी सैनिक लड़ाई में 22 अमरीकी सैनिक और पाँच इराक़ी सैनिक भी मारे गए हैं. पाँच दिन की लड़ाई में 180 अमरीकी सैनिक घायल भी हुए हैं. अमरीकी सैनिक कमांडरों ने कहा है कि उनकी रणनीति चरमपंथियों को शहर के दक्षिणी हिस्से में फ़रात नदी के किनारे घेरने की है. इस बीच एक इस्लामी वेबसाइट पर प्रकाशित बयान में चरमपंथी नेता अबू मुसाब अल-ज़रक़ावी ने अपने समर्थकों से अमरीकी सैनिकों का मुक़ाबला करते रहने को कहा है. |
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