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गुरुवार, 04 नवंबर, 2004 को 09:58 GMT तक के समाचार
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बोस्टन की हवा में उदासी छाई

बोस्टन में उदासी
बोस्टन के कॉपली स्क्वायर पर मंगलवार से उत्सव का वातावरण था मगर बुधवार को ये जगह उजड़ी सी लगने लगी.

जिस मंच से जॉन केरी को विजेता के रूप में भाषण देना था वहाँ मंच के पीछे लगा हुआ विशाल अमरीकी झंडा तक हारा हुआ नज़र आ रहा था.

केरी-एडवर्ड्स ग्रुप ने बोस्टन की पब्लिक लाइब्रेरी के बाहर स्थित कॉपली स्क्वायर में एक रंगारंग विजय रैली की तैयारी कर रखी थी जिसके लिए मंगलवार शाम से ही हज़ारों लोग वहाँ जुटने लगे थे.

जगह-जगह लगे टेलीविज़न स्क्रीनों पर केरी के पक्ष वाले नतीजे आने के बाद जमकर नारे लगते थे मगर बुश की बढ़त पर बस ठंढी साँसें सुनाई देती थीं.

आख़िरी दम तक केरी समर्थकों ने आस बाँधी रखी थी और लोगों की निगाह थी तीन राज्यों - पेन्सिल्वेनिया, फ़्लोरिडा और ओहायो के नतीजों पर.

पहले पेन्सिल्वेनिया का नतीजा आया और 21 इलेक्टोरल कॉलेज के वोटों वाला ये राज्य गया केरी के खाते में.

फिर फ़्लोरिडा के 27 वोट गए जॉर्ज बुश के खाते में.

बोस्टन में उदासी

मगर रात डेढ़ बजे के क़रीब जब टेलीविज़न पर ओहायो राज्य के नतीजे आने शुरू हुए तो केरी समर्थक उदास हो गए.

जॉन केरी ख़ुद तो समर्थकों के सामने नहीं आए मगर उन्होंने अपने साथी जॉन एडवर्ड्स को मंच पर भेजा.

एडवर्ड्स ने आकर कहा कि जब इतनी रातें प्रतीक्षा में बीती हैं तो और एक रात प्रतीक्षा करने में कोई हर्ज़ नहीं.

उन्होंने कहा कि ओहायो की गिनती अभी पूरी नहीं हुई है और उनको पासा पलटने की उम्मीद है.

लेकिन केरी समर्थकों को लगने लगा कि खेल हाथ से बाहर निकल रहा है और इसके बाद लोग छँटने शुरू हुए.

बोस्टन में उदासी

मौसम ने भी रंग बदलना शुरू कर दिया था और तेज़ हवा ने पेड़ों के पत्ते गिराने शुरू कर दिए जिससे माहौल और ग़मगीन सा बनता गया.

और जो कॉपली स्क्वायर मंगलवार तक दुल्हन की तरह सजा था, सवेरे तक उसकी ख़ूबसूरती ग़ायब हो गई.

ख़ाली कुर्सियाँ और जगह-जगह धूल में पड़े केरी-एडवर्ड्स के नामों वाले पोस्टर और बैनर अपने-आप में चुनाव के नतीजों की कहानी कह रहे थे.

अमरीका में केरी समर्थकों ने बदलाव की जो उम्मीद बाँध रखी थी वह उम्मीद भी हवा के थपेड़ों में कहीं खो गई और लोग इंतज़ार कर रहे हैं कि हवा ज़रा थमे तो फिर तय करें कि अगला क़दम किधर बढ़ाया जाए.

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