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अनचाही ईमेल के बारे में क़ानूनी कार्रवाई | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
अमरीका में इंटरनेट सेवा प्रदान करने वाली के चार बड़ी कंपनियों ने अनचाही ईमेल भेजने वालों के ख़िलाफ़ संयुक्त तौर पर क़ानूनी कार्रवाई शुरु की है. माइक्रोसॉफ्ट, एओएल, अर्थलिंक और याहू ने रोज़ लाखों अनचाहे ईमेल भेजने वालों के ख़िलाफ़ मकदमे दायर किए हैं. इन कंपनियों को शक है कि जिनके ख़िलाफ़ मुकदमें किए गए हैं वे सबसे अधिक अनचाहे ईमेल भेजते हैं जो कि या तो सामान की बिक्री से संबंधित होते हैं या फिर अशलील ईमेल होते हैं. इंटरनेट सेवा प्रदान करने वाली कंपनियों ने इस साल की शुरुआत में इस संबंध में अमरीका में बनाए गए क़ानून के तहत ये कार्रवाई की है. इस क़ानून के तहत ये सबसे बड़ी क़ानूनी कार्रवाई माना जा रही है. कुछ सर्वेक्षणों से पता चला है कि इंटरनेट पर कुल ईमेल में से लगभग 60 प्रतिशत अनचाहे ईमेल होते हैं. इस विषय पर जानकारी रखने वालों का मानना है कि अनचाहे ईमेल में से 90 प्रतिशत ईमेल के लिए केवल 200 ईमेल भेजने वाले गुट ज़िम्मेदार हैं. एओएल के वकील रैनडैल बो का कहना है, "हम उन कंपनियों को निशाना बना रहे हैं जो अनचाहे ईमेल भेजने के मामले में सबसे बड़ी और शरारती कंपनियाँ हैं." इंटरनेट सेवा प्रदान करने वाली चारों कंपनियों ने इस बारे में एक दूसरे को भी जानकारी दी है. |
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