फ्रांस समलैंगिक राजदूत भेजने पर क़ायम

इमेज स्रोत, BBC World Service
फ्रांस ने कहा है कि वो वेटिकन में एक समलैंगिक राजनयिक को अपना राजदूत बनाने का फैसले वापस नहीं लेगा.
फ्रांस की सरकार ने वरिष्ठ राजयनिक लौरें स्टेफ़ानीनी को जनवरी में वेटिकन के लिए अपना राजदूत नामांकित किया था, लेकिन अभी तक उनके नाम को लेकर वेटिकन की तरफ़ से मंजूरी नहीं मिली है.
वेटिकन आम तौर पर किसी नए राजदूत के नाम को मंज़ूरी देने में छह हफ़्ते का समय लगाता है.
स्टेफ़ानीनी का नामांकन पोप फ्रांसिस के लिए एक अहम परीक्षा माना जा रहा है जिन्होंने समलैंगिकता पर पहले से ज़्यादा उदारवादी रवैया अपनाया है.
फ्रांसीसी सरकार के एक प्रवक्ता ने बताया है कि स्टेफ़ानीनी के मुद्दे पर वेटिकन से बातचीत चल हो रही है.
पर्यवेक्षकों का कहना है कि चूंकि राजदूतों के नामांकन को छह हफ़्ते में मंजूरी मिल जाती है लेकिन स्टेफ़ानीनी के मामले में अभी तक मंज़ूरी न मिलने को इनकार समझा जाना चाहिए.
वेटिकन को अगर इस तरह के नामांकन मंज़ूर नहीं होता है तो वो इस पर कोई बयान जारी नहीं करता है.
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