धीमे पड़ रहे हैं लापता विमान के सिग्नल

ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री टोनी एबट ने कहा है कि लापता मलेशियाई विमान संख्या 'एमएच370' के सिग्नल तेजी से मंद पड़ते जा रहे हैं और विमान को खोजना बहुत कठिन काम साबित होगा.
उन्होंने कहा कि खोजकर्ताओं को मिलने वाले सिग्नल निश्चित रूप से लापता विमान के ब्लैक बॉक्स के ही थे हालांकि बीते मंगलवार से संभावित इलाके में जारी खोज के बावजूद नए सिग्नल नहीं मिले हैं.
आठ मार्च को उड़ान संख्या एमएच370 कुआलालंपुर से बीजिंग जाने के दौरान लापता हो गया था. इसमें 239 लोग सवार थे.
विमान में 153 चीन के यात्री थे. यह विमान मलेशिया और वियतनाम के बीच दक्षिणी चीन सागर के ऊपर लापता हो गया था.
अधिकारी अभी इस बात का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि विमान तय रास्ते से इतना दूर क्यों चला गया था.
एबट ने शुक्रवार को कहा था कि उन्हें पूरी तरह विश्वास है कि खोज अभियान में शामिल ऑस्ट्रेलियाई पोत को मिलने वाले सिग्नल लापता विमान बोइंग 777 के ही थे.
<link type="page"><caption> लापता विमान: परिजनों को अब भी इंतज़ार है...</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2014/03/140326_how_mourn_missing_persons_pk.shtml" platform="highweb"/></link>
उम्मीद

इमेज स्रोत, AFP
उन्होंने कहा कि खोज अभियान में लगी हुई टीम जब आश्वस्त हो जाएगी तो एक ड्रोन पनडुब्बी को समुद्र के तल में भेजा जाएगा.
सैटेलाइट आंकड़ों के विश्लेषण के बाद अधिकारियों को लगता है कि 239 यात्रियों से भरे विमान ने अज्ञात कारणों से अपना रास्ता बदला था और ऑस्ट्रेलिया के पश्चिमी तट की ओर दक्षिणी हिंद महासागर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था.
खोज अभियान से जुड़े लोगों को डर है कि समय बीतता जा रहा है, क्योंकि ब्लैक बॉक्स की बैटरी केवल एक महीने तक ही चल सकती है और एक महीना पहले ही बीत चुका है.
ऑस्ट्रेलियाई पोत ओशिन शील्ड को एक सप्ताह पहले दो सिग्नल मिले थे. उसी इलाके में मंगलवार को भी दो अन्य सिग्नल भी मिले.
गुरुवार को भी एक ऑस्ट्रेलियाई विमान को दो ध्वनि संकेत मिले थे लेकिन अधिकारियों को लगता है कि इसका ब्लैक बॉक्स से संबंध होने की संभावना कम है.
फिलहाल समुद्र में खोज अभियान का दायरा 1,300 वर्ग किलोमीटर है, जो लॉस एंजेल्स के बराबर क्षेत्र है.
ये सिग्नल समुद्र तल से 15,000 फुट नीचे से मिल रहे हैं और यहां तक ड्रोन पनडुब्बी के लिए जा पाना संभव नहीं है.
<bold>(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां <link type="page"><caption> क्लिक</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/multimedia/2013/03/130311_bbc_hindi_android_app_pn.shtml" platform="highweb"/></link> करें. आप हमें <link type="page"><caption> फ़ेसबुक</caption><url href="https://www.facebook.com/bbchindi" platform="highweb"/></link> और <link type="page"><caption> ट्विटर</caption><url href="https://twitter.com/BBCHindi" platform="highweb"/></link> पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)</bold>












