क्या 165 करोड़ में बिक पाएगी किताब?

अमरीका में छपी पहली किताब को इस साल के अंत में न्यूयार्क में <link type="page"><caption> नीलामी</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/04/130410_churchill_poem_ra.shtml" platform="highweb"/></link> घर सदबी नीलाम करेगी. नीलामी में इसकी बोली क़रीब तीन करोड़ <link type="page"><caption> डॉलर</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2013/03/130328_elephant_bird_egg_dp.shtml" platform="highweb"/></link> या क़रीब 165 करोड़ रुपए तक लगने की उम्मीद जताई गई है.
'दी बे साम बुक' नाम की यह किताब सन् 1640 में मैसाच्यूसेट में प्रकाशित हुई थी.
नीलाम होने वाली किताब इस अनुवादित किताब की 11 प्रतियों में से एक है.
साल 1947 में यह किताब एक लाख 51 हज़ार डॉलर या 83 लाख रुपए की रिकॉर्ड क़ीमत में बिकी थी.
उसके बाद से यह नीलामी में नहीं रखी गई है.उस समय यह सबसे अधिक क़ीमत में बिकने वाली किताब थी.
दुर्लभ किताब
इस समय सबसे महंगी किताब रिकार्ड जॉन जेम्स की किताब 'आडुबांस बर्ड्स ऑफ़ अमेरिका' का नाम दर्ज है.
यह किताब दिसंबर 2010 में साढ़े ग्यारह लाख डॉलर में बिकी थी.
'दी बे साम बुक' को कुछ तीर्थयात्रियों ने मैसाचुसेट्स के प्लायमाउथ में कॉलोनी बसाने के 20 साल बाद लिखी थी.
इस के लेखक जॉन कॉटन, रिचर्ड माथर और जॉन इलियट, चाहते थे कि उनकी किताब इंग्लैंड से लाई गई भजनों की हिब्रू भाषा की असली किताब की ही तरह हो.
नीलामी घर सदबी के डेविड रेडेन ने कहा, ''दी बे साम बुक पैराणिक रूप से एक दुर्लभ किताब है.''
इसके प्रिटिंग प्रेस के लिए इंग्लैंड में चंदा जुटाया गया था.'दी बे साम बुक' प्रेस से शुरू में निकली प्रतियों में से है.
इसकी 17 सौ मूल प्रतियों से केवल 17 ही आज विभिन्न अवस्थाओं में बची हैं.
जो प्रति नीलाम किया जाएगी, उसे बॉस्टन के ओल्ड साउथ चर्च के संग्रह से लिया गया है.
चर्च के वरिष्ठ मंत्री नैंसी टेलर ने कहा कि नीलामी से मिलने वाली राशि से ऐतिहासिक इमारतों को खुले रखने और विस्तार योजनाओं को बढ़ाने में मदद मिलेगी.
किताब को इस साल 26 नवंबर को नीलाम करने से पहले अमरीका के विभिन्न शहरों में ले जाया जाएगा.












