रूस ने एलेक्सी नवेलनी को जेल के अस्पताल भेजा

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रूस के विपक्षी नेता एलेक्सी नवेलनी को जेल के अस्पताल ले जाया गया है. अधिकारियों के अनुसार, उनकी हालत 'संतोषजनक' है.
एफएसआईएन प्रिजन सर्विस ने बताया है कि कि हर रोज़ एक डॉक्टर नवेलनी की जांच कर रहे हैं. यह भी बताया गया कि वे विटामिन लेने को तैयार हो गए हैं.
अपर्याप्त मेडिकल सुविधा और निजी मेडिकल टीम से न मिलने देने की शिकायत को लेकर वे पिछले 31 मार्च से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं. उन्हें मास्को से 100 किलोमीटर पूर्व में पोक्रोव के एक जेल में रखा गया है.
एलेक्सी नवेलनी को पिछले साल अगस्त में जहर दिया गया था लेकिन बेहतर इलाज के बाद वे बचने में सफल रहे. हालांकि उनके डॉक्टरों ने कहा है कि उनकी पीठ में काफी दर्द है और पैर में भी समस्या है. उनके निजी डॉक्टरों की राय है कि यदि जल्द उन्हें ज़रूरी मेडिकल सुविधा मुहैया न कराई गई तो कुछ ही दिनों में उनकी मौत हो सकती है. डॉक्टरों ने ब्लड रिपोर्ट के आधार पर कहा कि उनकी किडनियों के फेल होने और हर्ट अटैक का ख़तरा बना हुआ है.
इस बीच अमेरिका ने चेताया है कि यदि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सबसे मुखर आलोचक एलेक्सी नवलनी की जेल में मौत हो गई तो रूस को इसके 'नतीजे' भोगने होंगे. ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और यूरोपीय संघ ने भी उनके ईलाज के स्तर पर चिंता जताई और उनकी रिहाई की मांग की है.
इससे पहले फरवरी में नवेलनी को गबन के एक पुराने मामले में जेल में डाल दिया गया था. लेकिन नवेलनी का दावा है कि यह आरोप राजनीति से प्रेरित है. यूरोप के मानवाधिकार कोर्ट ने कहा था कि उनके मामले में 'न्याय का उल्लंघन' हुआ है.
अमेरिका की रूस को धमकी
अमेरिका ने रूस को चेतावनी दी है कि विपक्ष के नेता एलेक्सी नवेलनी की यदि जेल में मौत हो जाती है तो उसे इसके 'परिणाम' झेलने होंगे.
ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और यूरोपीय संघ ने भी उनके इलाज को लेकर चिंता ज़ाहिर की है.
नवेलनी के डॉक्टरों ने कहा है कि यदि उन्हें तेज पीठ दर्द और सुन्न हुए पैर के लिए ज़रूरी मेडिकल सुविधा न दी गई तो अगले कुछ दिनों में उनकी मौत हो सकती है.
वहीं ब्रिटेन में रूस के राजदूत ने कहा है कि नवेलनी 'अटेंशन' चाहते हैं, उन्हें जेल में मरने नहीं दिया जाएगा.
44 साल के एलेक्सी नवेलनी रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बड़े आलोचक हैं. फरवरी में गबन के एक पुराने मामले में उन्हें जेल में डाला गया था. उन्हें मॉस्को से लगभग 100 किलोमीटर पूर्व में स्थित पोक्रोव शहर के एक जेल में रखा गया है.
हालांकि नवेलनी का दावा है कि ये आरोप राजनीति से प्रेरित हैं.
उन्होंने अपनी मेडिकल टीम को ख़ुद की जांच नहीं करने देने के विरोध में 31 मार्च को भूख हड़ताल शुरू कर दी थी. उनके डॉक्टरों ने कहा था कि हाल में हुई ख़ून की जांच के नतीजे बताते हैं कि उनकी किडनी ख़राब हो सकती है और उन्हें कभी भी दिल का दौरा पड़ सकता है.
रूसी जेल के भीतर नवेलनी को बेहतर इलाज मुहैया न कराने के ख़िलाफ़ रविवार को हुए अंतरराष्ट्रीय स्तर के विरोध प्रदर्शन में कई देश शामिल हुए.
अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जैक सलिवन ने सीएनएन से हुई बातचीत में कहा कि यदि नवेलनी की मौत हो जाती है तो इसके 'परिणाम' भुगतने होंगे. इसके लिए रूस को 'अंतरराष्ट्रीय समुदाय द्वारा जिम्मेदार' ठहराया जाएगा. राष्ट्रपति जो बाइडन ने भी कहा है कि उनका इलाज 'पूरी तरह से गलत और अपर्याप्त' है.
जैक सुलिवन ने ट्विटर पर डाले गए एक ट्वीट में लिखा, ''नवेलनी को तुरंत रिहा किया जाना चाहिए और उन पर हुए जानलेवा हमले के अपराधियों को जिम्मेदार ठहराना चाहिए. नवेलनी पर क्रेमलिन के हमले न केवल मानवाधिकारों का उल्लंघन है बल्कि अपनी आवाज़ उठाने वाले रूसियों का यह अपमान है.''
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अमेरिका का दबाव पहले से ही है
रासायनिक हथियार एजेंट नोविचोक के साथ नवेलनी को घातक ज़हर देने के मामले में पिछले साल ही रूस से अमेरिका राजनयिक स्तर पर उलझ गया था.
हालांकि क्रेमलिन ने नवेलनी के इन दावों का खंडन किया था कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के आदेश पर उसे जहर दिया गया था. हालांकि अमेरिकी खुफ़िया अधिकारियों का मानना था कि जहर देने की इस घटना के पीछे मॉस्को का हाथ था. इस घटना ने बाइडन प्रशासन को वरिष्ठ रूसी अधिकारियों पर प्रतिबंध लगाने के लिए बाध्य किया.
अब इसके जवाब में रूस भी अपने कदम उठा रहा है.
उम्मीद है कि यूरोपीय संघ के नेतागण सोमवार को इस मामले पर विचार कर सकते हैं.
शीर्ष राजनयिक जोसेप बोरेल ने कहा है कि इस मामले पर यूरोपीय संघ बहुत चिंतित है. उन्होंने रूसी जेल अधिकारियों से नवेलनी की चिकित्सा टीम को तुरंत उनके पास जाने की अनुमति देने की अपील की है.
जोसेप बोरेल ने ट्विटर पर अपने ट्वीट में लिखा, एलेक्सी नवेलनी के बिगड़ते स्वास्थ्य को लेकर बहुत चिंतित हूं. रूसी अधिकारियों को उन तक उन डॉक्टरों को तुरंत जाने देना चाहिए जिन पर वे भरोसा करते हों. उनकी सुरक्षा और स्वास्थ्य के लिए हम उन्हें जिम्मेदार मानते हैं. यूरोपीय संघ लगातार नवेलनी की तत्काल और बिना शर्त रिहाई के लिए अपील कर रहा है.
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यूरोपीय काउंसिल प्रेस की ओर से भी ट्वीट किया गया जिसमें कहा गया, ''यूरोपीय संघ की ओर से एलेक्सी नवेलनी के बिगड़ते स्वास्थ्य पर जोसेप बोरेल का बयान आया है. यूरोपीय संघ एलेक्सी नवेलनी के विश्वासी मेडिकल टीम को उन तक जाने देने की अपील रूसी अधिकारियों से करता है.''
ब्रिटेन के विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा है, "नवेलनी को स्वतंत्र मेडिकल सुविधा तक तत्काल पहुंच देनी चाहिए. हम उनके राजनीतिक कारावास से उनकी तुरंत रिहाई की अपनी मांग फिर से दोहराते हैं."
नवेलनी की 20 साल की बेटी, डेरिया नवेलनेया, जो अभी अमेरिका के कैलिफॉर्निया में पढ़ रही हैं, ने ट्विटर पर लिखा कि "एक डॉक्टर को मेरे डैड को देखने की अनुमति दी जाए."
समाचार एजेंसी एपी के अनुसार, नवेलनी की पत्नी यूलिया ने कहा कि जब से उनके पति ने भूख हड़ताल शुरू की है तब से उनका वजन क़रीब नौ किलोग्राम घट गया है.
रूस में नेवलनी के समर्थक बुधवार को पूरे देश में एक विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं. उनके समर्थकों ने कहा है कि ऐसे हालात में बहुत जल्द काम करने की जरूरत है नहीं तो अपूरणीय क्षति हो जाएगी.
इससे पहले शुक्रवार को, चार डॉक्टरों ने जेल अधिकारियों को लिखा कि नवेलनी को तुरंत देखने की अनुमति दी जाए क्योंकि उनका पोटेशियम ख़तरनाक स्तर तक पहुंच गया है.
जहर मिलने के बाद नवेलनी का इलाज करने वाले डॉ. अलेक्जेंडर पोलुपान ने कहा है कि उनकी ख़ून की रिपोर्ट इस बात का पूर्ण संकेत है कि उन्हें तत्काल मेडिकल सुविधा की जरूरत है. नहीं तो वे अगले कुछ दिनों में मर जाएंगे.
नवेलनी के निजी फिजिशियन एनेस्तासिया वेसिलीवा, जिन्हें जेल के बाहर विरोध करने के लिए गिरफ़्तार किया गया था, ने एक ट्वीट किया कि वे और तीन अन्य डॉक्टर जेल में जाने देने के लिए "दो घंटे तक खड़े होकर गुहार करते रहे" लेकिन उन्हें भीतर जाने से मना कर दिया गया.
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70 से अधिक जाने-माने लेखक, कलाकार और शिक्षाविदों ने नवेलनी तक पर्याप्त चिकित्सा देखभाल मुहैया कराने के लिए राष्ट्रपति पुतिन से अपील करने वाले एक पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं. इस पत्र को 'द इकोनॉमिस्ट' और फ्रांस के 'ला मोंड' अख़बार में प्रकाशित किया गया. इस पत्र पर हॉलीवुड अभिनेता जूड लॉ, रॉल्फ फिनेस और बेनेडिक्ट कंबरबैच, हैरी पॉटर की लेखिका जेके रोलिंग और निर्देशक केन बर्न्स के हस्ताक्षर शामिल हैं.
हालांकि रविवार को प्रसारित बीबीसी के एंड्रयू मार के साथ एक इंटरव्यू में ब्रिटेन में रूस के राजदूत आंद्रेई केलिन ने कहा कि नवेलनी की जान ख़तरे में नहीं है.
उन्होंने कहा, "बेशक़, उन्हें जेल में मरने नहीं दिया जाएगा. वैसे मैं कह सकता हूं कि नवेलनी एक गुंडे जैसा व्यवहार करते हैं. वे हर स्थापित नियमों का उल्लंघन करने की कोशिश करते हैं."
उन्होंने यह भी कहा कि नवेलनी लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचने का प्रयास कर रहे हैं.
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