You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
ब्रेक्सिट समझौते पर जारी रहेगी बातचीत, ईयू और ब्रिटेन हुए सहमत
ब्रिटेन और यूरोपीय यूनियन के बीच पोस्ट-ब्रेक्सिट ट्रेड समझौते पर बातचीत जारी रखने को लेकर सहमती बन गई है.
एक साझा बयान में ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन और यूरोपीय यूनियन की प्रमुख उर्सुला वन डेर लेयन ने कहा है, "आगे बढ़ने के लिए और जिम्मेदार होने की ज़रूरत है."
इस दौरान दोनों के बीच 'कुछ अहम अनसुलझे मुद्दों' पर भी बातचीत हुई. उन्होंने आगे की बातचीत जारी रखने पर भी अपनी सहमति व्यक्त की.
इस हफ़्ते की शुरुआत में बोरिस जॉनसन और उर्सुला वन डेर लेन ने इस बात के लिए रविवार तक का वक्त तय किया था कि आगे इस पर बातचीत जारी रखनी है या नहीं. हालांकि ब्रिटेन के विदेश मंत्री डोमिनिक रॉब ने रविवार के बाद बातचीत जारी रहने की संभावना बहुत कम जताई थी.
इस फ़ैसले को लेकर प्रधानमंत्री अब कैबिनेट में चर्चा करेंगे.
ब्रिटेन और यूरोपीय संघ के बीच पोस्ट ब्रेक्सिट ट्रेड डील को लेकर मार्च से बातचीत हो रही है और ये कोशिश की जा रही है कि 31 दिसंबर को ट्रांजिशन पीरियड ख़त्म होने से पहले ये प्रक्रिया पूरी कर ली जाए.
ब्रिटेन 31 दिसंबर से ईयू के व्यापार नियमों का पालन करना बंद कर देगा.
इसके बाद दोनों ही पक्ष फिर वर्ल्ड ट्रेड ऑर्गेनाइज़ेशन के नियमों के तहत व्यापार के सौदे तय करेंगे.
बिना किसी व्यापार समझौते के अगर व्यापार होगा तो फिर खरीदे और बेचे जाने वाले सामानों पर लगने वाले शुल्क में इजाफ़ा हो सकता है.
उर्सुला वन डेर लेन ने कहा है, "एक साल तक चलने वाले समझौते की बातचीत के बार-बार नाकाम होने के बावजूद हमें लगता है कि आगे बढ़ने के लिए और जिम्मेदार होने की जरूरत है."
इससे पहले बोरिस जॉनसन ने "प्रबल संभावन" जताई थी कि ब्रिटेन यूरोपीय संघ के साथ पोस्ट-ब्रेक्सिट ट्रेड समझौता नहीं कर पाएगा.
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस ने कहा था कि बातचीत जारी रहेगी लेकिन अब कारोबारों और जनता को इस नतीजे के लिए तैयार रहना चाहिए.
ब्रिटेन जनवरी 2020 में यूरोपीय यूनियन से अलग हो गया था. लेकिन 11 महीने के ट्रांज़िशन पीरियड की वजह से दोनों पक्षों को समझौते के लिए बातचीत करने का समय मिला.
यूरोपीय यूनियन ने ब्रिटेन के साथ ब्रेक्सिट ट्रेड बातचीत विफल होने की सूरत में आपात योजनाएं बनाई हैं जिन्हें उसने जारी कर दिया है.
इन योजनाओं का उद्देश्य ब्रिटेन और यूरोपीय यूनियन के बीच बुनियादी हवाई और सड़क संपर्क सुनिश्चित करना है. इसमें एक-दूसरे के जल-क्षेत्र में मछली पकड़ने की संभावनाओं को सुनिश्चित करना भी शामिल है.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)