परमाणु बम के इस्तेमाल पर पाक की सफ़ाई

पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान ख़ान की ओर से परमाणु हथियारों का पहले इस्तेमाल न किए जाने संबंधी बयान पर पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने सफ़ाई दी है.

पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने कहा है कि विदेशी समाचार एजेंसियों ने इमरान ख़ान के बयान को ग़लत रूप से पेश किया है कि पाकिस्तान कभी परमाणु हथियारों का पहले इस्तेमाल नहीं करेगा.

पड़ोसी देश के विदेश मंत्रालय ने कहा कि पाकिस्तान की परमाणु नीति में कोई बदलाव नहीं किया गया है.

एक संक्षिप्त बयान में विदेश मंत्रालय ने कहा, "दो परमाणु शक्तियों के बीच संघर्ष के समय पाकिस्तान के रुख़ पर प्रधानमंत्री की टिप्पणी को संदर्भ से हटकर समझ लिया गया है. दो परमाणु शक्तियों के बीच कभी संघर्ष नहीं होना चाहिए, हालांकि पाकिस्तान की परमाणु नीति में कोई बदलाव नहीं है."

फिर क्या कहा था इमरान ने

समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, सोमवार को लाहौर में पहले अंतरराष्ट्रीय सिख सम्मेलन में पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने कहा था, "हम दोनों परमाणु हथियार संपन्न देश हैं. अगर तनाव बढ़ता है तो दुनिया ख़तरे में होगी. लेकिन कभी भी हमारी तरफ़ से शुरुआत नहीं होगी."

समाचार एजेंसी ने उनके हवाले से लिखा था, "मैं भारत को बताना चाहता हूं कि युद्ध किसी समस्या का हल नहीं है. युद्ध में जीतने वाले को भी बहुत कुछ गंवाना पड़ता है. युद्ध कई अन्य मुद्दों को जन्म देता है. "

पढ़ें

बीते 5 अगस्त को भारत की ओर से जम्मू कश्मीर राज्य को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को ख़त्म कर दिया गया था. तब से भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव जारी है.

बीते महीने भारतीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी इशारों में भारत की ओर से परमाणु हथियारों के इस्तेमाल पर बयान दिया था.

राजस्थान के पोखरण में उन्होंने कहा था, "हमारी परमाणु नीति पहला इस्तेमाल न करने की रही है. लेकिन भविष्य में क्या होगा, ये परिस्थितियों पर निर्भर करता है."

पाकिस्तान के रेल मंत्री शेख़ रशीद अहमद ने तो यहां तक कह दिया था कि दोनों देशों के बीच अक्टूबर या नवंबर में युद्ध होगा. वो परमाणु हमले की भी धमकी देते रहते हैं.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)