पुलवामा से शुरू हुए भारत-पाकिस्तान के तनाव की क्या है वर्तमान स्थिति?

सीमा पर भारतीय सेना

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पुलवामा में हुए चरमपंथी हमले के बाद 26 फ़रवरी को भारत ने पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर में जैश-ए-मोहम्मद के ठिकानों को तबाह करने का दावा किया.

इसके एक दिन बाद, यानी 27 फ़रवरी को, पाकिस्तान ने अपने लड़ाकू विमान भारतीय सीमा के भीतर भेजे.

भारतीय वायुसेना ने अपने मिग-21 बाइसन और सुखोई विमानों से उन्हें अपनी सीमा से बाहर खदेड़ने का काम किया. इस दौरान भारत का एक मिग-21 बाइसन सीमा पार पाकिस्तान की सेना के निशाने पर आ गया और उसके बाद भारतीय वायुसेना के पायलट अभिनंदन को पाकिस्तान की सेना ने अपनी हिरासत में लिया.

फिर उसी दिन दोनों देशों के बीच ज़ुबानी जंग शुरू हुई और दोनों तरफ से कई दावे किये गए.

अगले दिन यानी गुरुवार को पाकिस्तान ने अभिनंदन को भारत को सुपुर्द करने का ऐलान कर दिया लेकिन शाम को ही भारत की तीनों सेनाओं ने संयुक्त प्रेस वार्ता की जिसमें भारत प्रशासित कश्मीर में सेना के ठिकानों पर हमले के लिए पाकिस्तान ने एफ़-16 लड़ाकू विमान का इस्तेमाल किया है, ये सबूत पेश किया गया.

हालांकि, दोनों देशों के बीच इस तनातनी के दौरान कितने विमान क्षतिग्रस्त हुए और कितने पायलट पाकिस्तान के कब्ज़े में हैं, इसे लेकर कई घंटों तक असमंजस की स्थिति बनी रही.

बीते तीन दिनों में दोनों देशों के बीच की पैदा हुई इस स्थिति को कैसे देखा जाए, इस पर बीबीसी संवाददाता वंदना ने पाकिस्तान में मौजूद वरिष्ठ पत्रकार हारून रशीद से बात की. हारून ने बातचीत में क्या कहा, पढ़ें.

डोनल्ड ट्रंप

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इमेज कैप्शन, अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप

पाकिस्तान ने भारतीय पायलट को आज़ाद करने का फ़ैसला कैसे लिया और क्या इसमें कोई अंतरराष्ट्रीय कूटनीति की कोई भूमिका थी?

पाकिस्तान पहले दिन से ही यह कहता रहा है कि वो इस लड़ाई को और आगे नहीं बढ़ाना चाहता. प्रधानमंत्री इमरान ख़ान का यह बयान पाकिस्तान का भारत के साथ उसके सामान्य रिश्ते बनाने, तनाव को कम करने और स्थिति को और ख़राब नहीं होने देने की दिशा में दिया गया है.

इमरान ख़ान ने न तो किसी देश का नाम लिया और न ही यह बताया कि पायलट को छोड़ने के लिए या तनाव को कम करने को लेकर उन पर कोई दबाव था.

लेकिन अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप का यह बयान कि वो तनाव कम होने की दिशा में कुछ सकारात्मक संकेत देख रहे हैं या सऊदी अरब के विदेश मंत्री अचानक क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के संदेश के साथ पाकिस्तान के दौरे पर जा रहे हैं - ये दर्शाता है कि भारत और पाकिस्तान के बीच मौजूदा तनाव को कम करने में अंतरराष्ट्रीय भागीदारी भी है.

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दोनों देशों के बीच शुरू हुए इस तनाव के दरम्यान और संसद में उनके भाषण के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान के रूख को आप कैसे देखते हैं?

सोशल मीडिया पर कई लोग इस दौरान भारत को लेकर इमरान ख़ान के भाव-भंगिमा की प्रशंसा कर रहे हैं. इस दौरान उन्होंने खुद को एक राजनेता साबित करने की कोशिश की है.

वो वही व्यक्ति हैं जो इस वक्त पाकिस्तान की स्थिति के प्रभारी हैं. भारतीय मीडिया में ऐसे आरोप लगाए गए हैं कि वो महज एक कठपुतली हैं और उनके पास कोई ताक़त नहीं है, बल्कि वास्तविक रूप से सत्ता तो पाकिस्तान की सेना चला रही है.

इसलिए इस फ़ैसले के साथ वो दुनिया को यह बताने की कोशिश कर रहे हैं कि वो अभी भी ड्राइविंग सीट पर हैं और पाकिस्तान में सभी प्रमुख फ़ैसले उनके ही राजनीतिक नेतृत्व में हो रहे हैं और उनके फ़ैसलों का सेना से कोई संबंध नहीं है.

मिराज विमानों ने लिया अभियान में हिस्सा (फ़ाइल तस्वीर)

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इमेज कैप्शन, भारतीय मिराज विमानों ने लिया अभियान में हिस्सा (फ़ाइल तस्वीर)

भारत और पाकिस्तान के लिए अब आगे का रास्ता क्या है?

हम स्थिति के सामान्य होने और तनाव के कम होने की उम्मीद कर सकते हैं. ऐसी ख़बरें हैं कि पाकिस्तान और भारतीय नेतृत्व टेलीफ़ोन के ज़रिए एक दूसरे से बातचीत करेंगे ताकि तनाव कम हो सके.

समय बीतने के साथ-साथ हालात सामान्य होंगे, ख़ास कर तब जब पाकिस्तान भारतीय पायलट को वापस उनके देश भेज देगा.

अभिनंदन

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इमेज कैप्शन, अभिनंदन

पाकिस्तान के पास कितने भारतीय पायलट हैं?

इस पर शुरू में कुछ भ्रम की स्थिति बनी हुई थी कि पाकिस्तान के कब्ज़े में दो भारतीय पायलट हैं लेकिन पाकिस्तानी सेना के प्रवक्ता ने यह साफ़ कर दिया कि उनकी सीमा के भीतर केवल एक ही भारतीय पायलट पकड़ा गया है.

जहां तक लड़ाकू विमानों की संख्या का सवाल है, पाकिस्तान अब तक यह बोल रहा है कि उसने दो भारतीय विमानों को मार गिराया है.

उनके अनुसार इनमें से एक पाकिस्तान में जबकि दूसरा भारतीय सीमा में गिरा है लेकिन इसका कोई मलबा नहीं मिला है.

भारत ने दावा किया है कि उन्होंने भी पाकिस्तान के एक एफ-16 को गिरा दिया है लेकिन पाकिस्तान को इसका कोई निष्पक्ष सबूत अब तक नहीं मिला है.

इसलिए हम निश्चित रूप से केवल यह कह सकते हैं कि एक भारतीय लड़ाकू विमान को गिराया गया है और एक पायलट को पकड़ा गया है. बाकी के सभी दावे और प्रतिदावे हैं.

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